
सांकेतिक तस्वीर (सोर्स- सोशल मीडिया)
बारिश का मौसम अपनी ठंडक और हरियाली के साथ हर किसी का मन मोह लेता है। लेकिन जब बात आती है आपकी गाड़ी की, तो मानसून में खास सावधानी बरतना बेहद जरूरी हो जाता है। बारिश के कारण सड़कों पर फिसलन, पानी जमा, और खराब मौसम गाड़ी के लिए समस्याएं पैदा कर सकता है।
इसलिए गाड़ी को मानसून के लिए पूरी तरह से तैयार रखना जरूरी हो जाता है ताकि आप सुरक्षित और आराम से सफर कर सकें। यही वजह है कि हम यहां आपके लिए कुछ ऐसे टिप्स लेकर आए हैं जिनको ध्यान में रखकर आप बारिश में अपनी गाड़ी से धोखा खाने से बच सकते हैं।
चारिश शुरू होने से पहले अपनी गाड़ी को एक्सपर्ट से पूरा चेकअप कराएं। इसमें ब्रेक, बैटरी, इंजन ऑयल, कूलेंट और सस्पेंशन की जांच शामिल होनी चाहिए। ये सभी पार्ट्स ठीक रहेंगे तो बारिश के मौसम में आपकी गाड़ी का प्रदर्शन बेहतर होगा और अचानक खराबी का खतरा कम होगा।
वारिश में आपकी विजिबिलिटी सबसे जरूरी होती है। अगर वाइपर ब्लेड पुराने या फटे हुए हों तो वे पानी को सही से साफ नहीं कर पाएंगे, जिससे ड्राइविंग खतरे में पड़ सकती है। इसलिए वाइपर ब्लेड्स को समय से बदलें और विंडशील्ड वॉशर फ्लूइड को भी भरवा लें ताकि रास्ते साफ और देखने में आसानी हो।
बारिश में फिसलन भरे रास्तों पर अच्छी ग्रिप के लिए टायर का ट्रेड सही होना जरूरी है। टायर का प्रेशर भी बैलेंस्ड होना चाहिए न तो ज्यादा और न ही कम। यदि टायर की ग्रिप कमजोर हो या टायर पुराने और घिसे हुए हों तो उन्हें बदलवाना ही बेहतर है। यह कदम आपके सड़क पर सुरक्षित ड्राइविंग के लिए सबसे महत्वपूर्ण है।
बारिश में ब्रेकिंग दूरी बढ़ जाती है, इसलिए इसका खास ध्यान रखना होता है। ब्रेक्स की स्थिति को लेकर कोई समझौता न करें। ब्रेक पैड, डिस्क और ब्रेक फ्लूइड की नियमित जांच जरूर करें। बारिश में धीमी और बैलेंस्ड ड्राइविंग करें ताकि अचानक ब्रेक लगाने से गाड़ी फिसलने की संभावना कम रहे।
बारिश गाड़ी के इलेक्ट्रिकल पार्ट्स पर खतरनाक प्रभाव छोड़ती है। ऐसे में ध्यान रखें सभी तार ठीक तरह से इंसुलेटेड हों और कहीं से भी पानी अंदर न घुसे। साथ ही कार के ड्रेन होल्स अच्छे से साफ रखें ताकि पानी जमा न हो। ड्राइव करते समय धीमे चलें और पानी से बचने की कोशिश करें।






