भारत-अमेरिका ट्रेड डील को लेकर बड़ा खुलासा (सोर्स- सोशल मीडिया) 
विदेश

ऑडियो लीक से खुल गई ट्रंप की पोल...भारत-US ट्रेड डील को लेकर व्हाइट हाउस में गृहयुद्ध, जेडी वेंस बने अड़ंगा

India US Trade Deal: भारत अमेरिका ट्रेड डील महीनों से अटकी है, लीक ऑडियो में सीनेटर टेड क्रूज ने ट्रंप प्रशासन की नीतियों और आंतरिक विरोध को वजह बताया, जिम्मेदार ठहराया गया।

अक्षय साहू

Ted Cruz Leaked Audio: भारत और अमेरिका के बीच लंबे समय से करीब मानी जा रही ट्रेड डील फिलहाल ठंडे बस्ते में पड़ी हुई है। कई दौर की बातचीत के बावजूद दोनों देशों के बीच किसी ठोस नतीजे पर सहमति नहीं बन सकी है। अब इस देरी को लेकर एक अहम खुलासा सामने आया है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के करीबी माने जाने वाले रिपब्लिकन सीनेटर टेड क्रूज की एक कथित लीक ऑडियो से इसकी वजह सामने आई है। 

एक्सियोस की रिपोर्ट के मुताबिक, टेड क्रूज ने पार्टी के कुछ डोनर्स के साथ फोन कॉल के दौरान इस मुद्दे पर खुलकर बातचीत की थी, जिसकी ऑडियो रिकॉर्डिंग लीक हो गई। इस बातचीत में क्रूज ने व्हाइट हाउस के ट्रेड एडवाइजर पीटर नवारो और अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस को भारत-अमेरिका ट्रेड डील के पटरी से उतरने की बड़ी वजह बताया। उन्होंने खुद राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की नीतियों को भी इस देरी के लिए जिम्मेदार ठहराया।

क्रूज ने बताई ट्रेड डील रूकने की वजह

लीक ऑडियो के अनुसार, टेक्सास से रिपब्लिकन सीनेटर क्रूज ने कहा कि वह भारत के साथ व्यापार समझौते को अंतिम रूप दिलाने के लिए व्हाइट हाउस के भीतर संघर्ष कर रहे हैं। जब एक डोनर ने पूछा कि प्रशासन के भीतर इस डील का विरोध कौन कर रहा है, तो क्रूज ने नवारो, जेडी वेंस और ट्रंप तीनों का नाम लिया।  रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि क्रूज और कई अन्य रिपब्लिकन सीनेटरों ने पिछले साल अप्रैल में ट्रंप को वैश्विक स्तर पर ‘लिबरेशन डे टैरिफ’ लागू करने से रोकने की कोशिश की थी। क्रूज ने ट्रंप को आगाह किया था कि ऊंचे टैरिफ से महंगाई बढ़ेगी और आम अमेरिकी उपभोक्ताओं को नुकसान होगा, जिसका असर 2026 के मध्यावधि चुनावों में रिपब्लिकन पार्टी को झेलना पड़ सकता है। हालांकि, ट्रंप ने उनकी चेतावनियों को नजरअंदाज कर दिया।

लंबे समय से चल रही है बातचीत

भारत-अमेरिका व्यापार समझौते को लेकर बीते कई महीनों से असमंजस की स्थिति बनी हुई है। अमेरिका पिछले करीब पांच महीनों से भारत से आयात होने वाले कुछ उत्पादों पर 50 प्रतिशत तक टैरिफ वसूल रहा है। टैरिफ लागू होने से पहले ही दोनों देशों के बीच व्यापार वार्ता शुरू हो चुकी थी। पिछले साल फरवरी में बातचीत को औपचारिक मंजूरी मिली और मार्च-अप्रैल में वार्ताएं शुरू हुईं, लेकिन अब तक कोई ठोस सहमति नहीं बन सकी।

इसके बावजूद राष्ट्रपति ट्रंप कई बार सार्वजनिक रूप से कह चुके हैं कि भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ उनके संबंध अच्छे हैं और जल्द ही व्यापार समझौता हो सकता है। इस सप्ताह की शुरुआत में दावोस में भी उन्होंने इसी तरह का बयान दिया था।

धीरेंद्र शास्त्री के खिलाफ FIR दर्ज, पप्पू यादव की निकली भड़ास; कहा- माफ नहीं करेंगे

हेमंत का राहुल गांधी पर वार: बोले- खड़गे के बरामदे में ही पीएम बन सकते हैं राहुल, मॉक पार्लियामेंट पर कसा तंज!

How To File Online FIR: पुलिस स्टेशन गए बिना ऑनलाइन FIR कैसे दर्ज करें? जानें Step By Step पूरा प्रोसेस

प्रदर्शन के नाम पर कब्जा नहीं कर सकते...जंतर-मंतर प्रोटेस्ट पर सुप्रीम कोर्ट सख्त, कहा- तय हो समय और जगह

PIB Fact Check: क्या सच में PM मोदी दे रहे सभी को 8,000 रुपए का दिवाली बोनस, जानें इसके पीछे का खेला