Anahat Singh Reaches World Junior Squash Championship Final: भारत की नंबर वन स्क्वैश खिलाड़ी अनाहत सिंह ने शानदार प्रदर्शन करते हुए 2026 वर्ल्ड जूनियर स्क्वैश चैंपियनशिप के फाइनल में जगह बना ली है। सेमीफाइनल में उन्होंने मिस्र की बार्ब सामेह को 11-3, 8-11, 11-4, 11-6 से हराकर इतिहास रच दिया। इसके साथ ही अनाहत 21 साल बाद इस प्रतिष्ठित टूर्नामेंट के फाइनल में पहुंचने वाली पहली भारतीय खिलाड़ी बन गई हैं।
अनाहत से पहले 2005 में जोशना चिनप्पा ने वर्ल्ड जूनियर स्क्वैश चैंपियनशिप के फाइनल में जगह बनाई थी। अब अनाहत के पास भारत की पहली जूनियर विश्व चैंपियन बनने का सुनहरा मौका है।
सेमीफाइनल मुकाबले में अनाहत ने पहले गेम में 11-3 की एकतरफा जीत दर्ज कर शानदार शुरुआत की। हालांकि तीसरे-चौथे वरीयता प्राप्त बार्ब सामेह ने दूसरा गेम 11-8 से जीतकर मुकाबले में वापसी की। इसके बाद भारतीय स्टार ने जबरदस्त खेल दिखाते हुए लगातार तीसरा गेम 11-4 और चौथा गेम 11-6 से जीतकर फाइनल का टिकट पक्का कर लिया।
जीत के बाद अनाहत ने कहा, 'मैं बहुत खुश हूं। कुछ महीने पहले ब्रिटिश जूनियर ओपन में भी मेरा बार्ब के खिलाफ करीबी मुकाबला हुआ था, इसलिए मुझे पता था कि यहां अपना सर्वश्रेष्ठ खेल दिखाना होगा। कल मैं अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन नहीं कर पाई थी, इसलिए आज खुद को साबित करना चाहती थी।'
उन्होंने आगे कहा, 'मैंने चार वर्ल्ड जूनियर चैंपियनशिप खेली हैं। पहले क्वार्टरफाइनल और सेमीफाइनल में हार मिली थी। फाइनल में पहुंचकर मेरे माता-पिता और कोच बेहद खुश हैं, लेकिन टूर्नामेंट अभी खत्म नहीं हुआ है।'
अब आज होने वाले खिताबी मुकाबले में अनाहत का सामना मिस्र की दूसरी वरीयता प्राप्त रुकय्या सालेम से होगा। सालेम ने सेमीफाइनल में अपनी ही देश की मलिका एलकराक्सी को 11-5, 11-9, 7-11, 11-9 से हराकर फाइनल में प्रवेश किया।
सालेम ने पिछले साल इस चैंपियनशिप के लिए क्वालीफाई नहीं कर पाने की निराशा के बाद इस उपलब्धि को बेहद खास बताया। अनाहत सिंह के पास आज इतिहास रचते हुए वर्ल्ड जूनियर स्क्वैश चैंपियनशिप का खिताब जीतने वाली पहली भारतीय खिलाड़ी बनने का अवसर है।