Pune Road Pothole Repair: पुणे के प्रभात रोड की लेन नंबर-8 में करीब 8-10 दिन पहले भरे गए गड्ढे फिर से उखड़ गए हैं।
नागरिकों ने सड़क मरम्मत की गुणवत्ता और ठेकेदारों की निगरानी पर सवाल उठाए हैं। मनपा ने एसओपी के पालन में कमी स्वीकार की है।
पुणे में गड्ढों की मरम्मत पर खर्च के बावजूद सड़कों की स्थिति कितनी टिकाऊ है, इस पर फिर सवाल उठे हैं। प्रभात रोड की लेन नंबर-8 में करीब आठ-दस दिन पहले भरे गए गड्ढे दोबारा उखड़ गए, जिससे सड़क पर फिर बड़ा गड्ढा बन गया है। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि जब मरम्मत कुछ ही दिनों में खराब हो रही है, तो सड़क की गुणवत्ता और ठेकेदारों के काम की निगरानी किस तरह की जा रही है, यह स्पष्ट होना चाहिए।
पुणे शहर में सड़कों के गड्ढे भरने के लिए लगातार काम किया जा रहा है। इसके बावजूद प्रभात रोड की लेन नंबर-8 में मरम्मत के कुछ ही दिनों बाद सड़क फिर खराब हो गई।
करीब नौ मीटर चौड़ी इस सड़क से रोजाना बड़ी संख्या में वाहन गुजरते हैं। जिस जगह पर कुछ दिन पहले गड्ढे भरकर सड़क को दुरुस्त किया गया था, वहीं अब दोबारा गड्ढा बन गया है। इससे वाहन चालकों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
स्थानीय नागरिकों के मुताबिक, गड्ढों की मरम्मत के बाद उन्हें राहत की उम्मीद थी, लेकिन कुछ ही दिनों में सड़क फिर उखड़ने लगी। नागरिकों का सवाल है कि यदि मरम्मत आठ-दस दिन भी नहीं टिकती, तो काम की गुणवत्ता की जांच और ठेकेदारों की निगरानी किस स्तर पर की जा रही है।
नागरिकों ने यह भी कहा कि सड़क मरम्मत पर खर्च होने वाली राशि का उचित उपयोग सुनिश्चित करने के लिए काम पूरा होने के बाद उसकी गुणवत्ता की जांच जरूरी है।
पुणे मनपा के अतिरिक्त आयुक्त ओमप्रकाश दिवटे के अनुसार, शहर में गैस, मेट्रो, जलापूर्ति, ड्रेनेज और डक्टिंग जैसे कई काम चल रहे हैं। इन कार्यों के लिए कई जगह सड़कें खोदनी पड़ती हैं। इससे सड़कें दोबारा क्षतिग्रस्त होने की स्थिति बनती है।
दिवटे ने यह भी स्वीकार किया कि वार्ड स्तर पर एसओपी यानी मानक कार्यप्रणाली का पूरी तरह पालन नहीं हो रहा है।
पुणे शहर मनपा ने इस स्थिति में सुधार के लिए सड़क से संबंधित सभी कार्य मुख्य पथ विभाग के माध्यम से कराने का निर्णय लिया है। इसका उद्देश्य सड़क खोदने, मरम्मत करने और काम की गुणवत्ता की निगरानी में बेहतर समन्वय स्थापित करना है।
अतिरिक्त आयुक्त ओमप्रकाश दिवटे ने कहा कि सड़क मरम्मत में गुणवत्ता से समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। एसओपी का पालन नहीं करने और खराब काम करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की बात भी उन्होंने कही।