तीसरी मुंबई के रूप में विकसित हो रहे नैना क्षेत्र में मेगा प्लान शुरू हुआ।
इस महत्वाकांक्षी परियोजना से राज्य में पंद्रह लाख नए रोजगार के अवसर मिलेंगे।
नवी मुंबई एयरपोर्ट की कनेक्टिविटी बेहतर करने हेतु एक हजार करोड़ के पुल बने।
CIDCO Infrastructure Projects Navi Mumbai: महाराष्ट्र के आर्थिक और बुनियादी ढांचे के विकास में एक नया अध्याय जोड़ते हुए नवी मुंबई एयरपोर्ट इन्फ्लुएंस नोटिफाइड एरिया (NAINA) क्षेत्र में सुनियोजित विकास कार्यों का शुभारंभ किया गया है। पनवेल तालुका के शिरढोण में आयोजित एक विशेष कार्यक्रम के दौरान नैना क्षेत्र के विकास कार्यों का भूमिपूजन, नवी मुंबई अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे को जोड़ने वाले प्रमुख कनेक्टिविटी पुलों का लोकार्पण तथा स्थानीय भूधारकों को प्रॉपर्टी कार्ड का वितरण किया गया।
कार्यक्रम के दौरान मुख्य मंच पर राज्य के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे, उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा अजित पवार, पालकमंत्री भरत गोगावले, जिला परिषद अध्यक्ष मंगेश वाकडीकर, सांसद श्रीरंग बारणे, सांसद सुनील तटकरे तथा अतुल पाटिल सहित कई जनप्रतिनिधि और वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि नैना का सुनियोजित विकास महाराष्ट्र के विकास का नया आर्थिक केंद्र बनेगा, जिसे 'तीसरी मुंबई' के रूप में पहचाना जा रहा है।
15 लाख नौकरियों का लक्ष्य: इस महापेज योजना से क्षेत्र में लगभग 15 लाख रोजगार के अवसर पैदा होंगे, जिनमें से 5 लाख उच्च वेतन वाली नौकरियां होंगी।
भूमिपुत्रों को प्राथमिकता: इस विकास मॉडल में स्थानीय भूमिपुत्रों और किसानों को विकास का भागीदार बनाया जाएगा।
स्मार्ट शहरों की अवधारणा: नैना क्षेत्र में एज्युसिटी, मेडिसिटी, स्पोर्ट्स सिटी, एरोसिटी और नॉलेज सिटी जैसी आधुनिक अवधारणाओं के माध्यम से शिक्षा, स्वास्थ्य और उद्योग को नई दिशा दी जाएगी।
व्यापक प्रभाव: इस पूरे प्रोजेक्ट से मुंबई, ठाणे, नवी मुंबई, रायगढ़ और पालघर क्षेत्र के समग्र विकास को गति मिलेगी।
नवी मुंबई अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे और आसपास के क्षेत्रों में यातायात को सुगम बनाने के लिए CIDCO द्वारा निर्मित प्रमुख इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स का लोकार्पण किया गया।
पनवेल खाड़ी पर बने इन पुलों के माध्यम से पुणे जिले, पनवेल, ठाणे और कल्याण से आने वाले वाहनों को एनएच 4बी (NH 4B) के जरिए नवी मुंबई एयरपोर्ट, उलवे कोस्टल रोड, अटल सेतु (MTHL) और आमरा मार्ग के लिए सीधी व तेज कनेक्टिविटी मिलेगी।
इन पुलों में दोनों ओर 4-4 लेन, स्वतंत्र सर्विस रोड और क्लोवरलीफ इंटरचेंज की सुविधा दी गई है।
द्रोणागिरी क्षेत्र में होटल आनंदी से उरण शहर के बीच 941 मीटर लंबा और 11 मीटर चौड़ा बायपास पुल निर्मित किया गया है, जिससे उरण शहर में ट्रैफिक जाम की समस्या खत्म होगी और मछुआरों व किसानों का आवागमन आसान होगा।
कार्यक्रम में स्थानीय किसानों और परियोजना प्रभावितों के हितों की रक्षा के लिए कई महत्वपूर्ण घोषणाएं की गईं।
प्लॉट विसंगतियों का समाधान: सिडको को विशेष अधिकार दिए गए हैं ताकि ओवरलैपिंग प्लॉट, गलत प्लॉट नंबर और स्वामित्व रिकॉर्ड की गलतियों को ठीक किया जा सके।
शून्य विकास शुल्क: जमीन मालिकों के लिए विकास शुल्क और बेटरमेंट चार्ज को शून्य कर दिया गया है तथा फ्रीहोल्ड से जुड़ी प्रक्रिया अंतिम चरण में है।
संपत्ति कार्ड का वितरण: मुख्यमंत्री द्वारा नांदगांव (राजाराम पाटिल, रामचंद्र भोईर, नामदेव भोईर आदि) और देवदगांव (जगदीश वाघमारे, गणेश गायकर आदि) के स्थानीय भूमिपुत्रों को मंच पर आधिकारिक संपत्ति कार्ड सौंपे गए।