Mumbai Local Train: मुंबई की लाइफलाइन मानी जाने वाली हार्बर लाइन पर रविवार सुबह मानसून का असर एक बार फिर देखने को मिला, जब विले पार्ले के पास चलती लोकल के पैंटोग्राफ से पेड़ की शाखा टकरा गई और चिंगारियां निकलने लगीं। एहतियातन ट्रेन को तत्काल रोक दिया गया। गनीमत यह रही कि हादसे में कोई यात्री घायल नहीं हुआ और रेलवे ने महज 17 मिनट में शाखा हटाकर सेवाएं बहाल कर दीं। चेंबूर में पिछले महीने हुई इसी तरह की घटना के बाद एक बार फिर सामने आई इस रुकावट ने मानसून के दौरान मुंबई के उपनगरीय रेल नेटवर्क की संवेदनशीलता और पटरियों के किनारे पेड़ों की निगरानी की जरूरत को उजागर कर दिया है।
जानकारी के अनुसार यह घटना रविवार सुबह करीब 9.30 बजे हुई। सीएसएमटी से चलने वाली सेंट्रल रेलवे की हार्बर लाइन की एक लोकल ट्रेन विले पार्ले के पास पहुंची ही थी कि पटरियों के किनारे से पेड़ की एक शाखा ट्रेन के पैंटोग्राफ से टकरा गई। पैंटोग्राफ वह उपकरण होता है, जो ओवरहेड बिजली के तारों से ट्रेन तक बिजली पहुंचाता है। शाखा के संपर्क में आने से चिंगारियां निकलीं, जिसके बाद सुरक्षा के मद्देनजर ट्रेन को रोक दिया गया। रेलवे अधिकारियों ने बताया कि घटना में किसी तरह का बड़ा नुकसान नहीं हुआ।
कर्मचारियों ने तुरंत मौके पर पहुंचकर शाखा हटाई और आवश्यक जांच के बाद सुबह 9.47 बजे ट्रेन को फिर से रवाना कर दिया। इस दौरान यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित की गई और किसी के घायल होने की सूचना नहीं है। गौरतलब है कि हार्बर लाइन पर पिछले एक महीने में यह दूसरी ऐसी घटना है। इससे पहले चेंबूर स्टेशन के पास सुबह के व्यस्त समय में एक बाहरी तार ओवरहेड उपकरण पर गिर गया था, जिससे सीएसएमटी की ओर जाने वाली अप हार्बर लाइन की सेवाएं करीब 32 मिनट तक प्रभावित रही थीं। उस घटना के कारण कई लोकल ट्रेनें देरी से चली थीं और यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ा था।
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लगातार सामने आ रही ऐसी घटनाओं ने मानसून के दौरान मुंबई के उपनगरीय रेलवे नेटवर्क की चुनौतियों को फिर उजागर कर दिया है। बारिश और तेज हवा के कारण पेड़ों की शाखाएं तथा अन्य बाहरी बाधाएं ओवरहेड उपकरणों के लिए खतरा बन जाती हैं, जिससे लोकल सेवाएं प्रभावित होने का जोखिम बढ़ जाता है।
रेलवे अधिकारियों का कहना है कि मानसून के दौरान पटरियों के किनारे लगे पेड़ों और ओवरहेड उपकरणों की लगातार निगरानी की जा रही है। अधिकारियों का उद्देश्य ऐसी घटनाओं को कम करना और लाखों यात्रियों को निर्बाध व सुरक्षित लोकल सेवा उपलब्ध कराना है।