Abhijeet Dipke Mumbai Police FIR: मुंबई के दादर वेस्ट स्थित शिवाजी पार्क के गेट नंबर 6 पर मीनाताई ठाकरे स्मारक के सामने बिना इजाज़त एकत्र होने और प्रदर्शन करने के मामले में मुंबई पुलिस ने CJP के समर्थकों और आयोजकों के ख़िलाफ़ केस दर्ज किया है। पुलिस के अनुसार, इस प्रदर्शन में लगभग 400 से 500 अज्ञात समर्थक और प्रदर्शनकारी शामिल हुए थे।
एफआईआर में अजिंक्य शिंदे, प्रणय अहिरे, आशुतोष रांका, अभिजीत दिपके, सौरव दास, आफरीन नवाज, सौम्या कोरडे, अंकित भारद्वाज, विजय मलंगी और योगेश इंगले सहित कई सीजेपी सदस्यों को नामजद किया गया है। यह सभा शाम 4 बजे से 7 बजे के बीच शिवाजी पार्क पुलिस स्टेशन के अधिकार क्षेत्र में हुई थी।
पुलिस का कहना है कि प्रदर्शनकारी सार्वजनिक सड़क पर एकत्र हुए और नारेबाजी की, जिससे कानून व्यवस्था की स्थिति उत्पन्न हो गई। इसके अलावा, बिना आवश्यक अनुमति के परिसर में लाउडस्पीकर भी लगाए गए थे। घटना के बाद, शिवाजी पार्क पुलिस ने संबंधित व्यक्तियों पर भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 189(2) और 223 के साथ साथ महाराष्ट्र पुलिस अधिनियम की धारा 57(1), 37(5) और 135 के तहत मामला दर्ज किया है।
पुलिस द्वारा मामला दर्ज किए जाने के बाद सीजेपी के संस्थापक अभिजीत दीपके ने कड़ा रुख अपनाते हुए अपनी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा, चाहे जितने केस दर्ज कर लो, लेकिन हम अपने लोकतंत्र को बचाने के लिए अपनी लड़ाई जारी रखेंगे।
गौरतलब है कि शुक्रवार को सीजेपी ने जेल भरो आंदोलन की शुरुआत की थी। इस प्रदर्शन का मुख्य उद्देश्य चुनाव आयोग के भीतर कथित मतभेदों की खबरों के बीच मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के तत्काल इस्तीफे की मांग करना था। आयोजकों द्वारा इस आंदोलन को अपने अभियान का 'सीजन 2' (Season 2) कहा गया। प्रदर्शनकारियों ने केंद्र सरकार और चुनाव आयोग के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
शिवाजी पार्क में प्रदर्शन की औपचारिक अनुमति न मिलने और भारी पुलिस बल की तैनाती के बावजूद, आयोजन स्थल पर हजारों नागरिक और समर्थक एकत्र हुए। पुलिस ने सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए थे और दादर क्षेत्र के विभिन्न हिस्सों में बैरिकेड्स लगाए गए थे।
इस प्रदर्शन को कई प्रमुख बुद्धिजीवियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और बॉलीवुड हस्तियों का भी समर्थन मिला। इन हस्तियों ने व्यक्तिगत रूप से उपस्थिति दर्ज कराई और मतदान अधिकारों तथा लोकतांत्रिक संस्थाओं की सुरक्षा पर जोर दिया।
मौके पर मौजूद हस्तियों में प्रसिद्ध अभिनेत्री शबाना आजमी, अभिनेता नसीरुद्दीन शाह और संगीतकार विशाल ददलानी प्रमुख थे। इसके अलावा, अभिनेता प्रकाश राज ने भी एक रिकॉर्ड किए गए वीडियो संदेश के जरिए अपना समर्थन जताया और नागरिकों से लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा करने का आग्रह किया।
सभा को संबोधित करते हुए सीजेपी के संस्थापक अभिजीत दिपके ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार और महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस पर तीखा हमला बोला।
उन्होंने औपचारिक रूप से 'जेल भरो' का आह्वान किया और कहा कि मतदान अधिकारों की रक्षा के लिए शांतिपूर्ण ढंग से एकत्र होना एक मौलिक संवैधानिक अधिकार है। उन्होंने मुख्यमंत्री फडणवीस की चेतावनियों को चुनौती देते हुए कहा, मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, आपने हमें सिर्फ तीन दिनों के लिए जेल में डालने की बात की थी। यदि आपने तीन महीने कहा होता, तो पूरी मुंबई पूरी तरह से ठप हो जाती।