Mumbai Ganesh Visarjan: गणेशोत्सव के दौरान गणेशभक्तों को सुरक्षित और सुचारु विसर्जन सुविधा उपलब्ध कराने के लिए बीएमसी ने व्यापक तैयारियां शुरू कर दी हैं।
बीएमसी आयुक्त अश्विनी भिड़े ने बुधवार को स्वराज्यभूमि (गिरगांव चौपाटी) और दादर चौपाटी स्थित विसर्जन स्थलों का प्रत्यक्ष निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया।
निरीक्षण के दौरान आयुक्त ने अधिकारियों को विसर्जन स्थलों पर सुरक्षा व्यवस्था के साथ पर्यावरण संरक्षण पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए। उन्होंने निरीक्षण मीनार, तराफे, निर्माल्य कलश, स्टील प्लेट और पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था सहित सभी आवश्यक सुविधाएं पूरी तरह तैयार रखने को कहा।
गणेश विसर्जन के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना को देखते हुए पर्याप्त संख्या में तराफे उपलब्ध कराने के भी निर्देश दिए गए हैं।
गणेशभक्तों के लिए पीने के पानी की व्यवस्था सुनिश्चित करने के साथ समुद्र में जल सुरक्षा के लिए पर्याप्त संख्या में प्रशिक्षित जीवन रक्षकों की तैनाती करने को कहा गया है। पुरुषों और महिलाओं के लिए अलग-अलग चलित शौचालय उपलब्ध कराने के निर्देश भी दिए गए हैं।
बीएमसी प्रशासन को विसर्जन प्रक्रिया सुरक्षित, अनुशासित और सुचारु तरीके से पूरी कराने के लिए सभी संबंधित विभागों के बीच बेहतर समन्वय बनाए रखने को कहा गया है।
छोटी गणेश मूर्तियों के विसर्जन के लिए अधिक से अधिक कृत्रिम तालाब उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं। वहीं, बड़ी मूर्तियों के विसर्जन के लिए गणेशभक्तों को निःशुल्क क्रेन सुविधा उपलब्ध कराने की व्यवस्था की जाएगी।
गिरगांव और दादर चौपाटी के समुद्र तटों को स्वच्छ एवं कचरा मुक्त रखने पर भी विशेष जोर दिया गया है। श्रद्धालुओं से निर्माल्य समुद्र या आसपास के परिसर में नहीं डालने की अपील की जाएगी।
मुंबई बीएमसी ने निर्माल्य के उचित संकलन के लिए विसर्जन स्थलों पर निर्माल्य कलश उपलब्ध कराने की व्यवस्था की है। लोगों को जागरूक करने के लिए अभियान चलाया जाएगा, ताकि फूल और अन्य निर्माल्य सामग्री समुद्र में न जाए।
विसर्जन स्थलों पर जमा होने वाले निर्माल्य से खाद बनाने की प्रक्रिया के लिए संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों को प्रशिक्षण देने के निर्देश भी आयुक्त ने दिए हैं। इससे गणेशोत्सव के दौरान स्वच्छता के साथ पर्यावरण संरक्षण को भी बढ़ावा देने का प्रयास किया जाएगा।