Gadchiroli Public Transport: गड़चिरोली जिले में हाल में हुए एसटी बस हादसे के बाद सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को अधिक सक्षम और सुरक्षित बनाने की दिशा में कदम उठाए गए हैं। मुख्यमंत्री के निर्देश पर गड़चिरोली जिले के लिए 54 सीटों वाली 20 अत्याधुनिक 'राजमाता जिजाऊ' बसें उपलब्ध कराई गई हैं। इसके अलावा जल्द ही 10 और नई बसें एसटी के बेड़े में शामिल की जाएंगी। गड़चिरोली भौगोलिक रूप से विस्तृत और दुर्गम जिला है। बड़ी संख्या में आदिवासी आबादी ग्रामीण क्षेत्रों में निवास करती है।
जिले के अनेक गांवों को तहसील और जिला मुख्यालय से जोड़ने में एसटी बस सेवा की महत्वपूर्ण भूमिका है। विद्यार्थी, किसान, मजदूर, कर्मचारी और आम नागरिक बड़ी संख्या में एसटी पर निर्भर हैं। जिले के विभिन्न मार्गों पर लंबे समय से पुरानी बसों के संचालन के कारण बसों की उपलब्धता और यात्री सुरक्षा का मुद्दा सामने आता रहा है। हालिया हादसे के बाद यह विषय फिर चर्चा में आया। इसी पृष्ठभूमि में पुराने वाहनों पर निर्भरता कम कर नए वाहनों को बेड़े में शामिल करने पर जोर दिया जा रहा है।
परिवहन मंत्री तथा एसटी सुरक्षित व गुणवत्तापूर्ण परिवहन हमारी महामंडल के अध्यक्ष प्रताप सरनाईक ने कहा कि गड़चिरोली के नागरिकों को सुरक्षित तथा गुणवत्तापूर्ण यात्रा सुविधा उपलब्ध कराना सरकार की जिम्मेदारी है। मुख्यमंत्री के निर्देश पर 20 'राजमाता जिजाऊ' बसें तत्काल उपलब्ध कराई गई हैं। जल्द ही 10 और नई बसें जिले के एसटी बेड़े में शामिल की जाएंगी। उन्होंने कहा कि गड़चिरोली के कई गांव मुख्य मार्गों और शहरों से दूर हैं। बारिश के मौसम में सड़क संबंधी चुनौतियां भी बढ़ जाती हैं।
ऐसे में ग्रामीण नागरिकों के लिए एसटी सेवा अत्यंत महत्वपूर्ण हो जाती है। नई बसों के उपलब्ध होने से जिले के विभिन्न मार्गों पर बस सेवा को मजबूत करने में मदद मिलेगी। विशेष रूप से स्कूल-कॉलेज जाने वाले विद्यार्थियों और ग्रामीण क्षेत्रों के नागरिकों को नियमित यात्रा सुविधा उपलब्ध कराने में इन बसों का उपयोग किया जाएगा।
मंत्री सरनाईक ने स्पष्ट किया कि दुर्गम क्षेत्रों के नागरिकों को एसटी सेवा से वंचित नहीं रखा जाएगा। यात्रियों की सुरक्षा, विद्यार्थियों की सुविधा और ग्रामीण क्षेत्रों की परिवहन कनेक्टिविटी को प्राथमिकता देते हुए 'गांव वहां एसटी' की अवधारणा को और मजबूत किया जाएगा। 20 नई बसों के शामिल होने से जिले के एसटी परिवहन बेड़े को मजबूती मिलेगी।
आगामी दिनों में 10 और बसें मिलने के बाद विभिन्न मार्गों पर बसों का नियोजन अधिक प्रभावी ढंग से किया जा सकेगा। हालांकि, नई बसों के साथ नियमित रखरखाव, तकनीकी जांच और सुरक्षित संचालन पर भी विशेष ध्यान देना आवश्यक होगा। इससे गड़चिरोली के ग्रामीण और दुर्गम क्षेत्रों के यात्रियों को अधिक सुरक्षित, नियमित और भरोसेमंद एसटी सेवा मिलने की उम्मीद है।