Jal Jeevan Mission Chhatrapati Sambhajinagar: जिले में ‘हर घर नल से जल’ पहुंचाने के उद्देश्य से चलाए जा रहे जल जीवन मिशन की जमीनी स्थिति को लेकर गंभीर सवाल उठे हैं। कई गांवों में नल कनेक्शन और संबंधित बुनियादी ढांचा तैयार होने के बावजूद ग्रामीणों के घरों में पानी नहीं पहुंचने की शिकायतें सामने आई हैं। इस स्थिति पर स्थानीय सांसद संदिपान भुमरे ने नाराजगी जताते हुए संबंधित अधिकारियों को तत्काल जांच के निर्देश दिए।
सांसद भुमरे ने अधिकारियों को जल जीवन मिशन के तहत अधूरे, खराब गुणवत्ता वाले अथवा केवल कागजों पर पूर्ण दिखाए गए कार्यों की जांच करने को कहा। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि जांच में यदि ठेकेदारों या संबंधित अधिकारियों की लापरवाही सामने आती है तो उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।
जिलाधिकारी कार्यालय स्थित नियोजन सभागार में जिला विकास समन्वय एवं निगरानी समिति (दिशा) की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता सांसद संदिपान भुमरे ने की। इस दौरान केंद्र और राज्य सरकार की विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं की प्रगति और उनके क्रियान्वयन की स्थिति की विस्तृत समीक्षा की गई।
बैठक में सांसद भुमरे ने कहा कि सरकारी योजनाओं का उद्देश्य केवल कागजों पर लक्ष्य पूरा करना नहीं है। योजनाओं का वास्तविक लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचना चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को योजनाओं के क्रियान्वयन में पारदर्शिता और गुणवत्ता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
बैठक में सह-अध्यक्ष सांसद डॉ. कल्याण काले, विधायक अब्दुल सत्तार, विधायक प्रशांत बंब, जिला परिषद अध्यक्ष अविनाश गलांडे, जिलाधिकारी विनय गौडा जी.सी. और मनपा आयुक्त अमोल येडगे सहित विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी और जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे।
समीक्षा बैठक में किसानों से जुड़े मुद्दों पर भी चर्चा हुई। सांसद भुमरे ने प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के मौजूदा मापदंडों को किसानों के लिए अधिक अनुकूल बनाने की आवश्यकता जताई। उन्होंने कहा कि प्राकृतिक आपदा की स्थिति में किसानों को पारदर्शी और उचित मुआवजा मिलना चाहिए। इस मुद्दे पर केंद्रीय कृषि मंत्री के साथ विशेष बैठक करने की बात भी कही गई।
सिंचाई के महत्वपूर्ण समय में किसानों को बिजली कटौती का सामना न करना पड़े, इसके लिए महावितरण के अधिकारियों को निर्बाध कृषि बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। किसानों की फसलों के लिए सिंचाई व्यवस्था सुचारु रखना प्राथमिकता बताया गया।
जिले में राष्ट्रीय राजमार्गों से संबंधित लंबित परियोजनाओं और समस्याओं की भी समीक्षा की गई। लंबित कार्यों को गति देने और संबंधित विभागों के बीच समन्वय स्थापित करने के लिए अलग से विशेष बैठक आयोजित करने का निर्णय लिया गया।
बैठक में जैविक खनन, बायो-मेडिकल वेस्ट प्रबंधन और पीएम आवास योजना (शहरी) सहित अन्य योजनाओं की भी समीक्षा की गई। सांसद भुमरे ने विभागीय प्रमुखों को लंबित मामलों का शीघ्र निपटारा करने और 18 सितंबर को होने वाली अगली बैठक में विस्तृत एक्शन टेकन रिपोर्ट (ATR) प्रस्तुत करने के निर्देश दिए।