

Youth Congress Protest March: वर्धा जिले में केंद्र और महाराष्ट्र की राज्य सरकार की नीतियों के खिलाफ युवक कांग्रेस ने आक्रामक रुख अपनाते हुए सड़कों पर उतरकर जोरदार प्रदर्शन किया है। भारतीय राष्ट्रीय युवक कांग्रेस और महाराष्ट्र प्रदेश युवक कांग्रेस के निर्देशों के अनुसार, पूरे देश और राज्य के साथ-साथ वर्धा में भी सरकारों के विरुद्ध जन-आक्रोश देखने को मिला।
मंगलवार, 2 जून 2026 को सुबह 11:00 बजे वर्धा जिला युवक कांग्रेस द्वारा एक विशाल निषेध मोर्चे का आयोजन किया गया। यह मोर्चा स्थानीय भारतरत्न डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर की प्रतिमा से शुरू होकर जिलाधिकारी कार्यालय तक निकाला गया प्रदर्शनकारियों ने सरकार विरोधी नारे लगाते हुए अपना विरोध दर्ज कराया। कांग्रेस का आरोप है कि वर्तमान सरकारें आम नागरिकों, युवाओं और किसानों की समस्याओं को नजरअंदाज कर रही हैं, जिससे जनता के मन में संताप की लहर है。
आरोप लगाया गया कि सरकार विद्यार्थियों के भविष्य के साथ खिलवाड़ कर रही है। महंगाई और ईंधन: बढ़ती महंगाई से आम नागरिक त्रस्त हैं। पेट्रोल, डीजल और गैस की कीमतों में लगातार हो रही वृद्धि को तुरंत वापस लेने की मांग की गई। युवाओं को रोजगार के नाम पर गुमराह करने और बढ़ती बेरोजगारी पर चिंता व्यक्त की गई।
किसानों को उनके माल का उचित MSP नहीं मिल रहा है। साथ ही, बीज और खाद की कीमतों में की गई भारी बढ़ोतरी ने किसानों की आर्थिक स्थिति खराब कर दी है। युवक कांग्रेस के अनुसार केंद्र और राज्य की भाजपा सरकार हर मोर्चे पर विफल साबित हुई हैं।
मोर्चे के अंत में, वर्धा के जिलाधिकारी के माध्यम से भारत की राष्ट्रपति को एक निवेदन मांग पत्र सौंपा गया। इस ज्ञापन में प्रमुख रूप से NEET परीक्षा में हुई धांधली की उच्च स्तरीय जांच कराने और जिम्मेदार NTA पर कठोर कार्रवाई करने की मांग की गई है।
इसके अलावा, महंगाई पर तत्काल नियंत्रण लाने और किसानों को उचित दाम पर समय पर खाद उपलब्ध कराने की अपील की गई है। युवक कांग्रेस ने स्पष्ट किया कि यदि सरकार ने इन जनहित की मांगों पर जल्द ध्यान नहीं दिया, तो उनका आंदोलन और अधिक तीव्र किया जाएगा।