Drought Collector Crop Damage Survey: छत्रपति संभाजीनगर जिले में सूखे की स्थिति के बीच जिलाधिकारी विनय गौडा जी.सी. ने विभिन्न क्षेत्रों का दौरा कर खेतों में फसलों की स्थिति का प्रत्यक्ष जायजा लिया।
उन्होंने किसानों से संवाद कर उनकी समस्याएं जानीं और प्रशासन को नुकसान का वास्तविक आकलन करने के निर्देश दिए।
जिलाधिकारी विनय गौडा जी.सी. ने सूखे की स्थिति का आकलन करने के लिए जिले के विभिन्न क्षेत्रों का दौरा किया। उन्होंने छत्रपति संभाजीनगर तहसील के मालीवाड़ा और चौका, खुलताबाद तहसील के सराई तथा फुलंब्री तहसील के वारेगांव में खेतों का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने किसानों से बातचीत कर फसलों की मौजूदा स्थिति की जानकारी ली।
अधिकारियों से संभावित उत्पादन में कमी, फसल नुकसान और उपलब्ध पानी के बारे में भी जानकारी हासिल की। जिलाधिकारी ने क्षेत्रवार स्थिति का वस्तुनिष्ठ आकलन करने और किसानों की वास्तविक समस्याओं को दर्ज करने पर जोर दिया।
उन्होंने कहा कि किसान सकारात्मक रहकर पंचनामा प्रक्रिया में प्रशासन का सहयोग करें। सरकार और प्रशासन किसानों को जल्द से जल्द सहायता उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है। कोई भी पात्र किसान सहायता से वंचित नहीं रहेगा, यह सुनिश्चित करने की जिम्मेदारी स्वयं लेने की बात उन्होंने कही।
दौरे के दौरान जिलाधिकारी ने ग्रामीण क्षेत्रों में पेयजल व्यवस्था के साथ पशुओं के लिए चारा और पानी की उपलब्धता की भी समीक्षा की। जिन क्षेत्रों में पानी की कमी है, वहां टैंकर से जलापूर्ति की स्थिति की जानकारी ली गई। इसके अलावा संभावित चारा संकट को देखते हुए चारा शिविरों की आवश्यकता और उनकी तैयारी पर भी चर्चा की गई।
सूखे की स्थिति में ग्रामीणों को रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने के संबंध में भी अधिकारियों से जानकारी ली गई। जिलाधिकारी ने फसल नुकसान और पानी की कमी का वस्तुनिष्ठ पंचनामा करने तथा सरकारी मानदंडों के अनुसार पात्र किसानों को सहायता और राहत उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
उन्होंने जल संरक्षण, उपलब्ध जलस्रोतों के उचित उपयोग तथा वैकल्पिक फसलों के संबंध में किसानों को मार्गदर्शन देने के निर्देश भी संबंधित विभागों को दिए।
इस अवसर पर जिला अधीक्षक कृषि अधिकारी दीपक गवली, उपविभागीय अधिकारी डॉ. व्यंकट राठौड़, उपविभागीय कृषि अधिकारी आनंद गंजीवार, तहसीलदार शिवानंद बिडवे सहित अधिकारी, कर्मचारी और किसान उपस्थित थे।