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वैनगंगा-नलगंगा नदी जोड़ परियोजना के लिंक-1 अंतर्गत धारगांव उपसा सिंचाई योजना को सरकार ने प्रशासनिक मंजूरी प्रदान की है।
भंडारा तहसील के 17, साकोली के 18 और लाखनी तहसील के 31 गांवों को सिंचाई सुविधा उपलब्ध कराने की योजना है।
परियोजना का कुल लाभक्षेत्र 14,820 हेक्टेयर है, जिसमें 11,917 हेक्टेयर खेती योग्य जमीन को प्रत्यक्ष सिंचाई का लाभ मिलेगा।
Bhandara Irrigation Project: किसानों को स्थायी सिंचाई सुविधा उपलब्ध कराने तथा खेती को वर्षा पर निर्भरता से मुक्त करने की दिशा में विधायक नाना पटोले के प्रयासों को सफलता मिली है।
वैनगंगा-नलगंगा नदी जोड़ परियोजना के लिंक-1 अंतर्गत प्रस्तावित धारगांव उपसा सिंचाई योजना को सरकार ने प्रशासनिक मंजूरी दे दी है। योजना के लिए 976.69 करोड़ रुपये की निधि का प्रावधान किया गया है। योजना के पूर्ण होने पर भंडारा तहसील के 17, साकोली के 18 और लाखनी तहसील के 31 सहित कुल 66 गांवों को सिंचाई सुविधा का लाभ मिलेगा।
धारगांव उपसा सिंचाई योजना के लिए गोसीखुर्द बांध के बैकवॉटर के पानी का उपयोग किया जाएगा। तिडडी गांव के समीप वैनगंगा नदी के बाएं तट पर पंपगृह का निर्माण किया जाएगा। इस पंपगृह के माध्यम से पानी उठाकर दो स्वतंत्र बंद पाइपलाइन वितरण प्रणालियों से लाभक्षेत्र तक पहुंचाया जाएगा। बंद पाइपलाइन प्रणाली से खुले नालों और नहरों में होने वाली पानी की संभावित बर्बादी कम होगी और वनभूमि पर पड़ने वाला प्रभाव भी सीमित रहेगा।
जलसंपदा विभाग के अनुसार धारगांव सिंचाई योजना का कुल लाभक्षेत्र 14,820 हेक्टेयर है, जिसमें से 11,917 हेक्टेयर क्षेत्र प्रत्यक्ष रूप से खेती योग्य है। वितरण प्रणाली क्रमांक-1 के अंतर्गत भंडारा तहसील के 17 और लाखनी तहसील के 7 गांवों सहित कुल 24 गांवों को लाभ मिलेगा।
इसके लिए 11,905 मीटर लंबी और 950 मिलीमीटर व्यास की पाइपलाइन प्रस्तावित है, जिससे 3,644 हेक्टेयर क्षेत्र सिंचित होगा। इसमें भंडारा तहसील के चांदोरी, चिखलीहमेशा, धारगांव, गुंथारा, खुर्शीपार, खुटसावरी, नवेगांव, राजेगांव, टेकेपार तथा लाखनी तहसील के चिखलाबोडी, दैतमांगली, गडेगांव, गराडा, कैसलवाडा (वाघ), किन्ही, उपसा गडेगांव और सोनेखारी जैसे गांव शामिल हैं।
वितरण प्रणाली क्रमांक-2 के तहत लाखनी तहसील के 24 और साकोली तहसील के 18 गांवों सहित कुल 42 गांवों को सिंचाई सुविधा उपलब्ध कराने का नियोजन है। इसके लिए 26,901 मीटर लंबी और 1,400 मिलीमीटर व्यास की पाइपलाइन प्रस्तावित है, जिससे 8,273 हेक्टेयर क्षेत्र सिंचित किया जाएगा।
इसमें लाखनी तहसील के लाखनी, लाखोरी, मानेगांव, नोरगांव, पिंपलगांव, सिंगोरी, सोमलवाडा, येटेवाही तथा साकोली तहसील के आमगांव (खु.), आतेगांव, बाम्हणी, बोरगांव, चिचगांव, धानोड, गिरोला, नांदगांव, गुड़ी, मुडीपार, निपरटोला और एकोडी सहित अन्य गांवों का समावेश है। तीनों मौसम में मिलेगा पानी इस योजना की विशेषता तीनों कृषि मौसमों के लिए पानी का नियोजन है। खरीफ मौसम के लिए 87 प्रतिशत, रबी मौसम के लिए 48 प्रतिशत और ग्रीष्मकालीन मौसम के लिए 7 प्रतिशत सिंचाई का नियोजन किया गया है।