Barricade Broken At Mahakal Temple: विश्व प्रसिद्ध श्री महाकालेश्वर मंदिर में बुधवार दोपहर दर्शन के दौरान हंगामे की स्थिति बन गई। श्रद्धालुओं और कावड़ियों की भीड़ के बीच कुछ लोगों पर मंदिर की सुरक्षा और दर्शन व्यवस्था को प्रभावित करने का आरोप है। घटना के दौरान नंदी हॉल में धक्का-मुक्की और अफरा-तफरी की स्थिति दिखाई दी। इस पूरी घटना का वीडियो भी सामने आया है, जिसमें भीड़ के बीच हंगामा होता नजर आ रहा है। मंदिर प्रबंध समिति के अनुसार, संबंधित लोगों ने मंदिर की व्यवस्थाओं को नुकसान पहुंचाते हुए अनधिकृत रूप से गर्भगृह में प्रवेश करने का प्रयास किया।
श्रावण-भादौ के दौरान बाबा महाकाल के दर्शन के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु उज्जैन पहुंच रहे हैं। बुधवार दोपहर नंदी हॉल में भी श्रद्धालुओं और कावड़ियों की काफी भीड़ थी। इसी दौरान अचानक धक्का-मुक्की और हंगामे की स्थिति बन गई। मंदिर समिति के मुताबिक, कुछ लोगों ने नंदी हॉल में लगी बैरिकेडिंग को तोड़ दिया और व्यवस्थात्मक अवरोधों को क्षतिग्रस्त किया। इससे मंदिर परिसर में सुरक्षा व्यवस्था प्रभावित हुई और मौके पर मौजूद कर्मचारियों को स्थिति संभालने के लिए मशक्कत करनी पड़ी।
मंदिर प्रबंध समिति के अनुसार, हंगामे के दौरान दान पेटियों को भी इधर-उधर किया गया। इसके बाद कुछ लोगों ने निर्धारित दर्शन व्यवस्था का उल्लंघन करते हुए गर्भगृह में अनधिकृत रूप से प्रवेश करने का प्रयास किया। सुरक्षा व्यवस्था में तैनात कर्मचारियों ने जब उन्हें रोकने की कोशिश की तो विवाद बढ़ गया। इस दौरान सुरक्षाकर्मियों के साथ हाथापाई और मारपीट की गई। घटना में कुछ सुरक्षाकर्मियों को चोटें आने की जानकारी सामने आई है।
घटना के बाद इसका वीडियो भी सामने आया है, जिसमें नंदी हॉल के आसपास हंगामे और धक्का-मुक्की की स्थिति दिखाई दे रही है। वीडियो सामने आने के बाद श्री महाकालेश्वर मंदिर प्रबंध समिति ने मामले को गंभीरता से लिया है। समिति के अनुसार संबंधित लोगों की पहचान की जा रही है और उनके खिलाफ नियमानुसार वैधानिक कार्रवाई की प्रक्रिया की जा रही है। मंदिर प्रबंधन ने स्पष्ट किया है कि सुरक्षा व्यवस्था से छेड़छाड़ और कर्मचारियों के साथ मारपीट को किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जाएगा।
महाकाल मंदिर प्रबंध समिति ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे निर्धारित मार्ग और दर्शन व्यवस्था का पालन करें तथा सुरक्षा में तैनात कर्मचारियों का सहयोग करें। समिति का कहना है कि मंदिर में प्रतिदिन बड़ी संख्या में श्रद्धालु दर्शन के लिए पहुंचते हैं। ऐसे में भीड़ के बीच बैरिकेडिंग तोड़ने या सुरक्षा व्यवस्था को प्रभावित करने जैसी घटनाएं गंभीर स्थिति पैदा कर सकती हैं। मंदिर प्रशासन ने कहा है कि मंदिर की संपत्ति को नुकसान पहुंचाने, सुरक्षाकर्मियों से मारपीट करने अथवा निर्धारित व्यवस्था का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कानून के तहत कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।