Korean skincare के लिए 10 स्टेप्स फॉलो करना जरूरी नहीं है।
क्लींजर, मॉइस्चराइजर और सनस्क्रीन से करें शुरुआत।
सीरम और एक्सफोलिएंट जैसे प्रोडक्ट हर स्किन के लिए जरूरी नहीं है।
Korean Skincare for Beginners: कोरियन स्किन केयर अपनी लेयरिंग तकनीक, हाइड्रेशन और ग्लास टेक्स्चर स्किन के लिए जाना जाता है। लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि हर व्यक्ति को 10 प्रोडक्ट इस्तेमाल करना जरूरी है। असल में स्किनकेयर रूटीन आपकी स्किन टाइप, जरूरत और बजट के हिसाब से होना चाहिए।
अगर आप पहली बार कोरियन स्किन केयर ट्राई कर रहे हैं, तो एक साथ कई प्रोडक्ट खरीदने के बजाय बेसिक रूटीन से शुरुआत करें। इससे रूटीन फॉलो करना आसान होगा।
दिन में चेहरे पर जमा तेल, पसीना, धूल और सनस्क्रीन हटाने के लिए माइल्ड क्लींजर का इस्तेमाल करें। ऐसा फेस वॉश चुनें, जिससे चेहरा धोने के बाद स्किन खिंची हुई या रूखी महसूस न हो। ड्राई स्किन के लिए जेंटल, मॉइस्चराइजिंग क्लींजर चुनें। ऑयली स्किन के लिए ऐसा क्लींजर ठीक है, जो स्किन से एक्स्ट्रा तेल साफ करें। सुबह और रात की जरूरत अलग होती है। रात में चेहरे की सफाई जरूरी है।
कोरियन स्किन कयेर में हाइड्रेशन पर काफी जोर दिया जाता है। इसके लिए महंगे एसेंस या कई सीरम इस्तेमाल करने की बजाय एक अच्छा मॉइस्चराइजर का इस्तेमाल करें, जो स्किन में नमी बनाए रखने में मदद करें।
ड्राई स्किन के लिए क्रीम-बेस्ड मॉइस्चराइजर और ऑयली स्किन के लिए हल्का, नॉन-कॉमेडोजेनिक जेल या लोशन चुना जा सकता है। ग्लिसरीन और सेरामाइड जैसे इंग्रेडिएंट्स भी उपयोगी हैं।
सुबह की स्किनकेयर रुटीन में ब्रॉड-स्पेक्ट्रम SPF 30 या उससे अधिक वाला सनस्क्रीन शामिल करें। यह त्वचा को UVA और UVB किरणों से बचाने में मदद करता है और पिगमेंटेशन व समय से पहले दिखने वाली एजिंग के जोखिम को भी कम करता है।
इसे चेहरे, गर्दन और खुले हिस्सों पर पर्याप्त मात्रा में लगाएं। बाहर रहने, पसीना आने या चेहरा पोंछने के बाद जरूरत के अनुसार दोबारा लगाएं।
टोनर: अगर आपकी स्किन को अतिरिक्त हाइड्रेशन चाहिए, तो हाइड्रेटिंग टोनर लगा सकते हैं।
सीरम: पिगमेंटेशन, रूखापन या किसी खास स्किन रिलेटेड प्रॉब्लम के लिए सीरम इस्तेमाल करें।
एक्सफोलिएंट: डेड स्किन और बंद पोर्स की समस्या में मदद करता है, लेकिन इसे जरूरत से ज्यादा इस्तेमाल करने पर जलन और रूखापन हो सकता है। ध्यान रखें, बहुत रफ एक्सफोलिएंट्स का इस्तेमाल न करें।
एक बार में एक ही नया प्रोडक्ट शामिल करें और पहले पैच टेस्ट करें। रेटिनॉल, एसिड या दूसरे एक्टिव इंग्रेडिएंट्स को एक साथ शुरू करने से बचें।
सुबह: क्लींजर – मॉइस्चराइजर - सनस्क्रीन।
रात: क्लींजर - मॉइस्चराइजर।
जब यह रूटीन नियमित रूप से फॉलो करने लगें, तब जरूरत के अनुसार एक हाइड्रेटिंग या टारगेटेड प्रोडक्ट जोड़ सकते हैं। हर प्रोडक्ट को इस्तेमाल करने का तरीका और उसकी फ्रीक्वेंसी प्रोडक्ट पर दिए गए निर्देशों के अनुसार रखें।