Surat Cyber Crime Share Trading Fraud: गुजरात के सूरत में शेयर बाजार में मोटा मुनाफा कमाने का झांसा देकर एक व्यक्ति से 27 लाख रुपये की साइबर ठगी का सनसनीखेज मामला सामने आया है। सूरत सिटी पुलिस की साइबर क्राइम सेल ने तकनीकी सर्विलांस के आधार पर कार्रवाई करते हुए अहमदाबाद के जमालपुर से दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। जांच के दौरान चौंकाने वाला खुलासा हुआ कि ठगी में इस्तेमाल किया गया बैंक खाता राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल पर दर्ज 14 अलग-अलग शिकायतों से जुड़ा है, जिनके जरिए देशभर में कुल 8.93 करोड़ रुपये की ऑनलाइन धोखाधड़ी की गई है।
पुलिस के अनुसार, शातिर ठगों ने व्हाट्सऐप के जरिए पीड़ित से संपर्क कर एक फर्जी शेयर ट्रेडिंग वेबसाइट का लिंक भेजा और मुनाफा का लालच देकर खातों में पैसे ट्रांसफर करवा लिए। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान समीरखान पठान और मोहम्मद शेख के रूप में हुई है, जिन्होंने महज कुछ हजार रुपये के कमीशन के चक्कर में अपना बैंक खाता साइबर गिरोह को सौंपा था। पुलिस ने मामले में भारतीय न्याय संहिता (BNS) और आईटी एक्ट की धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया है।
यह गिरफ्तारी सूरत सिटी पुलिस की साइबर क्राइम सेल ने तकनीकी जांच के बाद की है। मामला भारतीय न्याय संहिता, 2023 की धारा 318(4), 336(2), 338, 336(3), 340(2), 61(2) और 3(5) और सूचना प्रौद्योगिकी संशोधन अधिनियम, 2008 की धारा 66(डी) के तहत दर्ज किया गया है।
पुलिस के अनुसार, आरोपियों ने व्हाट्सऐप के जरिए शिकायतकर्ता से संपर्क किया और एक फर्जी वेबसाइट का लिंक भेजा, जहां उसके नाम से अकाउंट बनाया गया।
उन्होंने शेयर ट्रेडिंग से आकर्षक मुनाफा देने का वादा किया और उसे अलग-अलग बैंक खातों में कुल 27 लाख रुपए ट्रांसफर करने के लिए राजी कर लिया। बाद में शिकायतकर्ता को पैसे निकालने से रोक दिया गया।
गिरफ्तार लोगों की पहचान अहमदाबाद के जमालपुर इलाके के रहने वाले 30 साल के समीरखान पठान और 31 साल के मोहम्मद शेख के रूप में हुई है। पठान दिहाड़ी मजदूरी करता है और 10वीं तक पढ़ा है, जबकि शेख भी मजदूरी करता है और उसने बीकॉम किया हुआ है।
पुलिस ने बताया कि पठान ने 8,000 रुपए कमीशन के बदले बैंक ऑफ महाराष्ट्र में अपने नाम का सेविंग अकाउंट शेख को दिया था। शेख ने यह खाता साइबर ठगी में इस्तेमाल के लिए एक फरार आरोपी को दे दिया और इसके बदले 15,000 रुपए कमीशन लिया।
जांच में पता चला कि 3 मई से 7 जून 2025 के बीच इस बैंक खाते से कुल 30,09,057 रुपए का लेन-देन हुआ था। पुलिस ने कहा, "खाते की जानकारी से राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल पर जांच करने पर पता चला कि अलग-अलग राज्यों में 14 शिकायतें दर्ज हैं, जिनमें कुल 8,93,80,922 रुपए की ऑनलाइन ठगी का आरोप है।"
पुलिस ने लोगों से अपील की है कि ज्यादा मुनाफे का वादा करने वाली ऑनलाइन निवेश योजनाओं से सावधान रहें और पैसा ट्रांसफर करने से पहले अनजान लोगों की पहचान जरूर जांच लें। वित्तीय साइबर ठगी के शिकार लोगों को सलाह दी गई है कि वे तुरंत राष्ट्रीय साइबर अपराध हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल करें।