PM Modi Fuel Saving Appeal And Anish Shah Statement: दुनिया में चल रही परेशानियों में अब भारत में भी बढ़ती ऊर्जा चुनौतियों और वैश्विक अस्थिरता के बीच अब ईंधन बचत को लेकर सरकार और उद्योग जगत एक सुर में नजर आ रहे हैं। इसको देखते हुए सोमवार को Anish Shah ने प्रधानमंत्री की ऊर्जा बचत संबंधी अपील का समर्थन करते हुए बड़ा बयान भी दिया है। उन्होंने अपने बयान में कहा कि मौजूदा वैश्विक हालात में जिम्मेदार ऊर्जा खपत और लंबे समय की स्थिरता बेहद जरूरी हो गई है।
जैसा की सभी देशवासियों को पता है कि Narendra Modi ने रविवार को देशवासियों से पेट्रोल-डीजल की खपत कम करने की अपील की थी और इसकी वजह पश्चिम एशिया में जारी तनाव और सप्लाई चेन पर पड़ रहे असर की वजह से प्रधानमंत्री ने लोगों से कई अहम कदम उठाने को कहा। अने भासण में उन्होंने नागरिकों से कहा कि मेट्रो सेवाओं का ज्यादा इस्तेमाल करें, कारपूलिंग अपनाएं, इलेक्ट्रिक वाहनों की ओर बढ़े और जहां संभव हो वहां वर्क फ्रॉम होम करें। इसके साथ ही प्रधानमंत्री ने रेल के जरिए पार्सल ट्रांसपोर्ट बढ़ाने, एक साल तक विदेशी यात्रा टालने और सोना खरीदने से बचने की भी अपील की गई।
प्रधानमंत्री की इस अपील का स्वागत करते हुए अनिश शाह ने कहा, "ऐसे समय में जब दुनिया ऊर्जा की बढ़ती अस्थिरता का सामना कर रही है, ये उपाय ज़िम्मेदार उपभोग और दीर्घकालिक स्थिरता के महत्व को रेखांकित करते हैं।" उन्होंने इस बात पर भी जोर डाला की मौजूदा समय भारत के लिए क्लीन और ज्यादा एफिशिएंट एनर्जी सिस्टम की तरफ तेजी से बढ़ने का बड़ा मौका है। महिंद्रा ग्रुप पहले से ही इलेक्ट्रिक मोबिलिटी और रिन्यूएबल एनर्जी सेक्टर में बड़े निवेश कर रहा है।
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इस मामले में ऑटो और मोबिलिटी सेक्टर के जानकार बताते है कि आने वाले समय में सरकार और कंपनियां इलेक्ट्रिक वाहनों को तेजी से बढ़ावा दे सकती हैं। जिसकी वजह लगातार बढ़ती तेल कीमतें और वैश्विक संकट है जो भारत की ऊर्जा के वैकल्पिक स्रोतों की तरफ धकेल रहे हैं।
अनिश शाह ने कहा, "हमारा मानना है कि देश के लिए एक अधिक सुदृढ़ और ऊर्जा-सुरक्षित भविष्य के निर्माण हेतु सरकार उद्योग और नागरिकों के साझा प्रयासों से ही सार्थक प्रगति संभव होगी।" वहीं विशेषज्ञों कहते है कि अगर आम लोग छोटी-छोटी आदतों में बदलाव करें, तो इससे देश की विदेशी मुद्रा बचाने के साथ-साथ पर्यावरण को भी बड़ा फायदा मिल सकता है।