USA President Election: चुनाव में 1.5 करोड़ ने की एडवांस वोटिंग, इलॉन मस्क की घोषणा ने चौकाया
अमेरिका के राष्ट्रपति का चुनाव आगामी 6 नवम्बर को होना है, ऐसे में वहां अर्ली वोटिंग भी शुरू हो चुकी है। ठीक वैसे ही जैसे भारत में डाक मतपत्र से मतदान होता है।
- Written By: प्रतीक मिश्रा
प्रतीकात्मक तस्वीर [स्रोत: सोशल मीडिया]
वाशिंगटन: अमेरिका में चल रहे राष्ट्रपति चुनाव को लेकर आगामी 6 नवंबर को वोटिंग होनी है। लेकिन इससे पहले ही अमेरिका के कई हिस्सों में शुरुआती मतदान जारी है। एक अमेरिकी अख़बार के अनुसार मंगलवार तक करीब 1.50 करोड़ से ज्यादा अमेरिकी मतदाता वोट डाल चुके हैं। यह वोटिंग 47 से ज्यादा राज्यों में मेल (डाक) के जरिए हुई है।
चुनाव से पहले ही वोट देने की इस प्रक्रिया को एडवांस पोलिंग या प्री पोल वोटिंग कहा जाता है। अमेरिकी चुनावों में पहले भी एडवांस पोलिंग होती रही है। हालांकि पहले के चुनावों में प्री पोल वोटिंग में डेमोक्रेट्स का दबदबा रहा था लेकिन इस बार कुछ प्रमुख राज्यों में रिपब्लिकन ने बढ़त बनानी शुरू कर दी है।
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राष्ट्रपति की रेस में शामिल उपराष्ट्रपति कमला हैरिस और पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प भी शुरुआती मतदान के रुझानों के आधार डेमोक्रेट और रिपब्लिकन समर्थकों को लुभाने में जुटे हैं ताकि उन्हें वोट करने के लिए भेजा जा सके।
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मस्क की चौकाने वाली घोषणा
इधर, अमेरिकी चुनाव में डोनाल्ड ट्रम्प का खुलकर समर्थन कर रहे इलॉन मस्क ने कहा है, कि वो राष्ट्रपति चुनाव की तारीख तक हर रोज चुने गए किसी एक वोटर को 1 मिलियन डॉलर यानी लगभग 8.40 करोड़ रुपये देंगे। दिलचस्प बात ये है कि यह स्कीम सिर्फ 7 स्विंग स्टेट्स के लिए लागू है। इस घोषणा के बाद से मस्क काफी चर्चाओं में बने रहते है।
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एक तरह से कहा जाये तो अमेरिका में चुनाव में होने वाली अर्ली वोटिंग उसी तरह है, जिस तरह भारत में मतदान की तारीख के पहले डाक मतपत्र के जरिये मतदान किया जाता है। भारत में मतगणना के दौरान सबसे पहले डाक मतपत्रों को ही गिना जाता है, यह पहले राउंड की काउंटिंग में शामिल किये जाते है।
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