संयुक्त अरब अमीरात के राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान (सोर्स-सोशल मीडिया)
US Evacuation Mission Middle East: संयुक्त अरब अमीरात के राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान ने देश में रहने वाले हर व्यक्ति की सुरक्षा सुनिश्चित करने का एक बड़ा संकल्प लिया है। उन्होंने सोशल मीडिया पर साझा किया कि यूएई अपने नागरिकों, निवासियों और सैलानियों की सुरक्षा को सबसे ऊपर रखते हुए हर खतरे से निपटने के लिए तैयार है। दूसरी ओर, अमेरिका ने भी क्षेत्र में बढ़ते तनाव के बीच अपने लोगों को सुरक्षित निकालने के लिए अब तक का सबसे बड़ा हवाई रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया है। मिडल ईस्ट में जारी इस अनिश्चितता के दौर में शांति और सुरक्षा की ये कोशिशें वैश्विक स्तर पर एक नई उम्मीद के साथ-साथ गंभीर चिंता भी पैदा कर रही हैं।
राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद ने स्पष्ट किया कि जायद बिन सुल्तान अल नाहयान की यह पावन धरती अपनी संप्रभुता और एकता की रक्षा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने देश की सुरक्षा में तैनात बहादुर सशस्त्र बलों और समर्पित एजेंसियों की सराहना करते हुए कहा कि उनकी मुस्तैदी ही हमारी सबसे बड़ी ताकत है। यूएई की सरकार ने वादा किया है कि वे देश में आने वाले मेहमानों और निवासियों को एक सुरक्षित वातावरण देने के लिए दिन-रात मेहनत कर रहे हैं।
इस चुनौतीपूर्ण समय में राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद ने अमीराती नागरिकों और वहां रहने वाले प्रवासियों के बीच अटूट प्रेम और वफादारी की भावना की भी जमकर प्रशंसा की है। उन्होंने कहा कि जो कोई भी इस देश से प्यार करता है और इसके विकास में अपना योगदान देता है, वह हमारे लिए एक परिवार के सदस्य जैसा ही है। उन्होंने ईश्वर से उन लोगों की शांति के लिए प्रार्थना की जो इस संकट में प्रभावित हुए हैं और घायलों के जल्द स्वस्थ होने की कामना की है।
वहीं दूसरी ओर, अमेरिकी विदेश मंत्रालय ने अपने नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए मिडिल ईस्ट में एक बहुत बड़े स्तर पर निकासी अभियान शुरू कर दिया है। सहायक सचिव डिलन जॉनसन के अनुसार, 28 फरवरी से लेकर अब तक 28,000 से अधिक अमेरिकी नागरिकों को सुरक्षित तरीके से अमेरिका वापस भेजा जा चुका है। यह अभियान विशेष विमानों, जमीनी परिवहन और आपातकालीन सहायता के एक बेहतरीन तालमेल के माध्यम से सरकार द्वारा लगातार सफलतापूर्वक चलाया जा रहा है।
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हालांकि 28,000 का यह बड़ा आंकड़ा केवल उन लोगों का है जो सीधे अमेरिका लौटे हैं, इसमें वे नागरिक शामिल नहीं हैं जो अन्य सुरक्षित देशों में चले गए हैं। अमेरिकी सरकार ने बताया कि वे अभी भी उन अमेरिकियों से संपर्क साध रहे हैं जो रास्ते में हैं या इस अशांत क्षेत्र को छोड़ने की प्रक्रिया में हैं। सुरक्षा चिंताओं के कारण इस निकासी अभियान को आने वाले दिनों में और भी ज्यादा तेज करने की योजना बनाई गई है ताकि कोई व्यक्ति पीछे न छूटे।