राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप, फोटो (सो. सोशल मीडिया)
Trump National Emergency Airport: राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अमेरिका के हवाई अड्डों पर पैदा हुए गंभीर संकट और सुरक्षा जोखिमों को देखते हुए ‘नेशनल इमरजेंसी’ की घोषणा कर दी है। पिछले 41 दिनों से जारी सरकारी कामबंदी (Shutdown) की वजह से देश के विमानन क्षेत्र में भारी हड़कंप मचा हुआ है जिससे निपटने के लिए ट्रंप ने एक बड़ा कार्यकारी आदेश जारी किया है।
इस संकट की मुख्य वजह होमलैंड सिक्योरिटी विभाग (DHS) की फंडिंग को लेकर संसद में जारी गतिरोध है। इसके कारण TSA (परिवहन सुरक्षा प्रशासन) के लगभग 50,000 कर्मचारी पिछले सवा महीने से बिना किसी वेतन के काम करने को मजबूर थे। इस स्थिति के चलते भारी संख्या में अधिकारियों ने काम पर आना बंद कर दिया और 500 से अधिक कर्मचारियों ने अपना इस्तीफा दे दिया है।
कर्मचारियों की इस कमी का सीधा असर हवाई अड्डों के संचालन पर पड़ा है। न्यूयॉर्क के जेएफके (JFK) और अटलांटा जैसे व्यस्त एयरपोर्ट्स पर यात्रियों को सुरक्षा जांच के लिए 4-4 घंटे तक लंबी कतारों में इंतजार करना पड़ रहा है। स्थिति को ‘बुरे सपने’ जैसा बताते हुए ट्रंप ने अपनी शक्तियों का उपयोग कर सीधे सैलरी भुगतान का रास्ता साफ करने का दावा किया है।
संसद से बजट पास न होने के बावजूद, ट्रंप प्रशासन पिछले साल साइन किए गए ‘टैक्स कट्स बिल’ के बचे हुए फंड का इस्तेमाल कर्मचारियों के वेतन के लिए कर सकता है। व्हाइट हाउस के सूत्रों और सीनेटर सुसान कोलिन्स के अनुसार, इस बिल में होमलैंड सिक्योरिटी के लिए कानूनी रूप से पैसा निकालने की गुंजाइश है हालांकि इस कदम को अदालत में चुनौती दी जा सकती है।
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राष्ट्रपति ट्रंप ने इस पूरे संकट के लिए विपक्षी डेमोक्रेटिक पार्टी को जिम्मेदार ठहराया है। उन्होंने आरोप लगाया कि डेमोक्रेट्स जानबूझकर फंडिंग रोक रहे हैं ताकि उनकी ‘इमिग्रेशन पॉलिसी’ (प्रवास नीति) को कमजोर किया जा सके। ट्रंप ने सोशल मीडिया पर लिखा कि डेमोक्रेट्स ने लापरवाही से एक असली राष्ट्रीय संकट पैदा किया है और वे देश की रक्षा के लिए कानून के तहत अपनी शक्तियों का उपयोग कर रहे हैं।