
वेनेजुएला की विपक्षी नेता मारिया कोरीना मचाडो (सोर्स- सोशल मीडिया)
Machado Demand free Cuba and Nicaragua: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने वेनेजुएला की राजनीति पर ऐसा कब्जा जमा लिया है कि देश की सरकार केवल नाम के लिए रह गई है। राष्ट्रपति मादुरो को उनके बेडरूम से उठाए जाने के बाद ट्रंप ने वहां नियंत्रण शुरू कर दिया। इन हालातों में वेनेजुएला की विपक्षी नेता मारिया कोरीना मचाडो भी ट्रंप से मिलने पहुंचीं।
मचाडो ने ट्रंप को अपना नोबेल शांति पुरस्कार तक गिफ्ट कर दिया और इसके बाद भी लगातार उनकी तारीफ करती रही। अब तो मचाडो ने ट्रंप की भाषा अपनाना शुरू कर दिया है। सोशल मीडिया पर उनका एक वीडियो खूब वायरल हो रहा है, जिसमें वे कह रही हैं, “बम फोड़ो, देश कब्जा करो।”
दरअसल, डोनाल्ड ट्रंप ने पहले मचाडो को वेनेजुएला के राष्ट्रपति पद के लिए नाकाबिल घोषित कर दिया था। अब मचाडो अमेरिकी राष्ट्रपति की खुशामद कर अपने राजनीतिक कद को बढ़ाने की कोशिश कर रही हैं। हाल ही में फॉक्स न्यूज को दिए इंटरव्यू में मचाडो ने कहा कि “एक बार वेनेजुएला आजाद हो जाए, तब हम क्यूबा और निकारागुआ को भी आजाद कराएंगे।”
MARÍA CORINA MACHADO: “Venezuela will be free. And once we liberate Venezuela, we will keep working and we will have a free Cuba and a free Nicaragua.” pic.twitter.com/UXKu0qIXrd — Fox News (@FoxNews) January 20, 2026
उन्होंने सीधे तौर पर इन दो देशों पर हमले की धमकी दे दी। इस बार ट्रंप को कुछ कहने की जरूरत नहीं पड़ी, मचाडो ने खुद ही विवाद खड़ा कर दिया। हालांकि, मचाडो का यह बयान सोशल मीडिया पर उन्हें भारी पड़ रहा है। कई लोग उन्हें ट्रोल कर रहे हैं। एक यूजर ने लिखा कि “शांति पुरस्कार जीतने वाली महिला अब ‘बम फोड़ो, देश कब्जा करो’ का समर्थन कर रही हैं।”
मचाडो का लक्ष्य वेनेजुएला को पूरी तरह से अमेरिका समर्थक बनाना है। इसी साल 3 जनवरी को अमेरिकी सेना ने ‘ऑपरेशन एब्सोल्यूट रिजॉल्व’ के तहत कराकस में घुसकर राष्ट्रपति मादुरो और उनकी पत्नी को अमेरिका ले गई। मादुरो अब न्यूयॉर्क में नार्को-टेररिज्म और ड्रग तस्करी के आरोपों का सामना कर रहे हैं।
यह भी पढ़ें: ट्रंप की ईरान को चेतावनी… नए ऑडियो से हमले का संकेत, मध्य पूर्व में बढ़ी अमेरिकी सैन्य हलचल
इस कार्रवाई ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर हलचल मचा दी, चीन-रूस समेत कई देशों ने ट्रंप के कदम को कूटनीति और अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन बताया। लेकिन मचाडो इस घटना से खुश हैं और उनका मानना है कि अब वेनेजुएला पूरी तरह अमेरिका समर्थक बनेगा।






