

तेहरान: इजरायल और ईरान के बीच जंग और भीषण हो गई है। कुछ घंटे पहले इजरायली सेना ने ईरानी सेना प्रमुख को मार गिराने का दावा किया था, जिसके जवाब में अब ईरान ने एक बड़ा दावा करते हुए कहा है कि उसकी सेना ने इजरायली खुफिया एजेंसी मोसाद के मुख्यालय पर हमला बोल दिया है। ईरान समर्थक मीडिया संस्था "ईरान ऑब्जर्वर" ने इस हमले का वीडियो अपने एक्स पर शेयर किया है।
इस वीडियो में दावा किया गया है कि इजरायली खुफिया एजेंसी मोसाद के मुख्यालय पर सीधा हमला हुआ है। इसमें दो या तीन इमारतों पर हुए हमले के बाद काले धुएं का गुबार उठता हुआ दिखाया गया है, जिन्हें मोसाद का हेडक्वार्टर बताया जा रहा है।
इजरायल ने 13 जून को 'ऑपरेशन राइजिंग लॉयन' शुरू करने के बाद से ईरान के कई प्रमुख सैन्य नेताओं को निशाना बनाया है। इजरायली सेना (IDF) ने आज दावा किया है कि उसने तेहरान पर हमले में ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई के करीबी सहयोगी और आईआरजीसी (इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड्स कॉर्प्स) के ख़ातम-अल अंबिया सेंट्रल हेडक्वार्टर के प्रमुख मेजर जनरल अली शादमानी को मार गिराया है। IDF ने यह जानकारी एक आधिकारिक ट्वीट के जरिए सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर साझा की।
ईरान के नई दिल्ली स्थित दूतावास ने मंगलवार को एक प्रेस विज्ञप्ति जारी कर इजरायल द्वारा ईरान पर किए गए हवाई हमलों की निंदा की। दूतावास ने इजरायल पर 13 जून को ईरान की क्षेत्रीय अखंडता और राष्ट्रीय संप्रभुता का उल्लंघन करने का आरोप लगाया। दूतावास के अनुसार, इजरायली सेना ने ईरान के विभिन्न स्थानों, खासकर आवासीय इलाकों पर हमले किए, जिसमें 224 नागरिकों की मौत हुई, जिनमें महिलाएं और बच्चे भी शामिल थे। इस हमले में 1,257 से अधिक लोग घायल भी हुए हैं।
इजरायल और ईरान के बीच बढ़ते हमले को देखते हुए मिस्र, जॉर्डन और कुछ अन्य देशों ने इस युद्ध पर लगाम लगाने की अपील की। इसके साथ ही उन्होंने एक संयुक्त बयान जारी कर मध्य पूर्व में बढ़ रहे तनाव पर चिंता जाहिर की और शांति बहाल रखने के लिए बातचीत का मार्ग अपनाने की सलाह दी।