Hormuz Strait MoU: MoU साइन होते ही होर्मुज स्ट्रेट में बढ़ी जहाजों की आवाजाही, मिली बड़ी राहत
Hormuz Strait MoU: अमेरिका-ईरान समझौते के बाद होर्मुज से जहाजों की आवाजाही फिर से शुरू हो गई है। फंसे हुए टैंकर और कतर के LNG जहाज सुरक्षित निकलने से वैश्विक तेल व गैस सप्लाई को बड़ी राहत मिली है।
- Written By: प्रिया सिंह
होर्मुज स्ट्रेट से जहाजों की आवाजाही (सोर्स-सोशल मीडिया)
Ships Movement Increase After Hormuz Strait MoU: अमेरिका और ईरान के बीच समझौता होने के बाद स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से ग्लोबल एनर्जी सप्लाई फिर बहाल हो सकती है। मंगलवार को दो फंसे हुए विशाल सुपरटैंकर इस अहम समुद्री रास्ते से बहुत ही सुरक्षित तरीके से गुजरे हैं। इसके साथ ही कतर के 7 खाली एलएनजी टैंकर भी पिछले कुछ हफ्तों में इस क्षेत्र में दाखिल हुए हैं। इससे खाड़ी देशों से गैस की शिपिंग के फिर से पटरी पर लौटने के बहुत ही स्पष्ट और सकारात्मक संकेत मिल रहे हैं।
शिप-ट्रैकिंग डेटा के मुताबिक स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से ईरान से जुड़े टैंकरों की आवाजाही लगातार सुरक्षित जारी है। सोमवार को अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत आगे बढ़ने के साथ ही इस रास्ते पर जहाजों का ट्रैफिक काफी बढ़ गया है। इससे पहले अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने युद्ध फिर से शुरू करने की बहुत बड़ी और खतरनाक धमकी दी थी। ईरान ने भी होर्मुज को बंद करने का ऐलान किया था जिसके बाद जहाजों की आवाजाही पूरी तरह कम हो गई थी।
60 दिनों का अहम रोडमैप
ईरान और अमेरिका के बीच स्विट्जरलैंड में हुई अहम वार्ता में दोनों पक्ष एक बड़े समझौते पर सहमत हुए हैं। दोनों देश 60 दिनों के भीतर एक बहुत ही स्थायी समझौते के ऐतिहासिक रोडमैप पर पूरी तरह सहमत हुए हैं। इसके अलावा अमेरिका ने प्रतिबंधों पर 21 अगस्त तक छूट देने का एक बहुत बड़ा और अहम ऐलान किया है। इससे ग्लोबल ऑयल सप्लाई पर राहत मिली है और अंतरराष्ट्रीय बाजारों में कीमतें भी काफी कम हुई हैं।
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सुपरटैंकरों की सुरक्षित वापसी
विश्लेषकों का मानना है कि युद्ध की शुरुआत से खाड़ी में फंसे कच्चे तेल के और भी जहाजों के अब बाहर निकलने की उम्मीद है। ताइवानी सरकारी ऊर्जा फर्म द्वारा चार्टर किए गए दुबई एनर्जी टैंकर ने रात भर में इस स्ट्रेट को पार कर लिया। यह जहाज 20 लाख बैरल कच्चा तेल लेकर ताइवान के काऊशुंग की तरफ बहुत ही तेजी के साथ आगे बढ़ रहा है। इसी तरह दक्षिण कोरियाई रिफाइनर के चार्टर किए गए यूनिवर्सल ग्लोरी ने भी 20 लाख बैरल तेल के साथ रास्ता पार किया।
कतर के एलएनजी टैंकर
शिप-ट्रैकिंग डेटा से पता चलता है कि 11 जून से 22 जून के बीच कतर एनर्जी के 7 खाली टैंकर दोबारा लोड होने के लिए खाड़ी में बढ़े। 28 फरवरी को ईरान पर अमेरिका और इजरायल के हवाई हमलों के बाद से जहाजों की यह सबसे पहली यात्रा है। इनमें से चार बड़े टैंकर सोमवार को ईरानी रास्ते से सुरक्षित होर्मुज स्ट्रेट में दाखिल होने में सफल रहे। इसके अलावा दो प्रतिबंधित स्वेजमैक्स टैंकर सोबार और सराक भी मंगलवार को इस अहम स्ट्रेट की ओर बढ़ रहे थे।
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कतर का प्रोडक्शन और भविष्य
कतर के टैंकर अल घशमिया को आखिरी बार 9 जून को अंदर देखा गया था जो बाद में 22 जून को बाहर दिखाई दिया। तीन अन्य बड़े टैंकरों ने अपने ट्रैकिंग सिस्टम को बंद करके यात्रा की थी जो बाद में ट्रैकिंग पर दिखाई दिए। कॉमनवेल्थ बैंक के विश्लेषक विवेक धर ने कहा कि युद्ध शुरू होने के बाद से यह सबसे बड़ी संख्या है। डेटा पुष्टि करता है कि कतर एनर्जी अपनी एलएनजी प्रोडक्शन बढ़ाने की समय-सीमा को आसानी से पूरा करेगी।
