अमेरिका में बाइडन को सता रहा खून-खराबे का डर, ट्रंप की धमकी से भयभीत
बाइडन ने कहा कि उन्हें विश्वास नहीं होता कि अगर डोनाल्ड ट्रंप हार जाते हैं तो वे कमला हैरिस को आसानी से सत्ता सौंपने देंगे। ट्रंप पर वाशिंगटन डीसी और जार्जिया में भी आपराधिक आरोप लगाए गए थे कि उन्होंने 2020 के चुनाव में बाइडन के खिलाफ जीत का झूठा दावा करके अवैध तरीके से चुनाव को पलटने की कोशिश की थी।
- Written By: साक्षी सिंह
अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन
वाशिंगटन: अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन को अमेरिका में खून-खराबा होने का का डर सता रहा है। बाइडन ने चिंता जाहिर की कि अगर डोनाल्ड ट्रंप राष्ट्रपति चुनाव हार जाते हैं तो शांतिपूर्ण सत्ता हस्तांतरण को लेकर उन्हें शंका है।
बाइडन ने यूस के चैनल सीबीएस से बातचीत में कहा कि यदि रिपब्लिकन पार्टी के उम्मीदवार डोनाल्ड ट्रंप राष्ट्रपति चुनाव हार जाते हैं तो मुश्किल है कि शांतिपूर्ण सत्ता का हस्तांतरण हो पाएगा।
ये भी पढ़ें:–अमेरिका को ईरान ने ललकारा, फ्रांस के राष्ट्रपति मैंक्रो से भिजवाया संदेश, बोला- आक्रामकता बर्दाश्त नहीं
सम्बंधित ख़बरें
Trump Approval Rating: ट्रंप के लिए ईरान युद्ध बना मुसीबत! घटती लोकप्रियता के बीच बाइडेन का पलड़ा भारी
भारत के बिना नहीं होता QUAD…पूर्व अमेरिकी मंत्री का खुलासा, मोदी के लिए जिद पर अड़े थे जो बाइडन
प्लेन में भरकर भेजे 1.7 अरब डॉलर…JCPOA डील पर फिर फूटा ट्रंप का गुस्सा, ओबामा-बाइडेन पर साधा निशाना
‘पावर ब्लू चाहिए…बेबी ब्लू नहीं’, ट्रंप ने अचानक दिया एयरफोर्स वन को बदलने का आदेश, जानें क्यों लिया फैसला
ट्रंप से बाइडन भयभीत
जो बाइडन ने कहा कि उन्हें विश्वास नहीं होता कि अगर डोनाल्ड ट्रंप हार जाते हैं तो वे कमला हैरिस को इतनी आसानी से सत्ता सौंपने देंगे। अमेरिकी राष्ट्रपति ने कहा कि ट्रंप जो भी बोलते हैं, उसका कुछ न कुछ मतलब होता है ये अलग बात है कि हम उन्हें गंभीरता से नहीं लेते। लेकिन हाल ही में उन्होंने कहा था कि अगर वो हारे तो खून-खराबा होगा। बाइडन ने कहा कि इस बात को लेकर मुझे भविष्य की चिंता है।
ट्रंप पर आरोप
पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पर वाशिंगटन डीसी और जार्जिया में भी आपराधिक आरोप लगाए गए थे। आरोप था कि उन्होंने 2020 के चुनाव में बाइडन के खिलाफ जीत का झूठा दावा करके इललीगल तरीके से चुनाव को पलटने की कोशिश की थी। बता दें कि कमला हैरिस से पहले यूएस राष्ट्रपति चुनाव के राष्ट्रपति पद के उम्मीदवार बाइडन थे। बाद में वह रेस से हट गए।
राष्ट्रपति दौड़ से क्याें बाहर हुए बाइडन
आगामी प्रेसिडेंशियल चुनाव के पहली डिबेट में पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और जो बाइडन आमने सामने थे। इस डिबेट में बाइडन कमजोर साबित हुए। उनका प्रदर्शन निराशाजनक रहा। इसके बाद से ही डेमोक्रेटिक की तरफ से उनकी उम्मीदवारी को लेकर सवाल खड़े होने लगे। फिर वो अपनी ज़िद पर अड़े रहे। उनपर पार्टी का काफी दबाव डाले जाने लगा। काफी मान मनौव्वल और दबाव के बाइडन ने अपना नाम वापस लिया और अपनी जगह कमला हैरिस के नाम का समर्थन किया।
बाइडन के पीछे हटने के बाद हैरिस का नाग आया आगे
जो बाइडन ने 21 जुलाई को यूएस राष्ट्रपति दौड़ से पीछे हटने का फैसला लिया। इसके साथ ही उन्होंने अपने उत्तराधिकारी के रूप में कमला हैरिस का नाम आगे किया। कमला हैरिस को एक सर्वे में डेलीगेट्स का भारी समर्थन मिला है। उन्होंने राष्ट्रपति पद के लिए नामांकन भी कर दिया है। डेमोक्रेटिक पार्टी से राष्ट्रपति चुनाव के लिए दूसरा कोई और नाम आगे नहीं आया ।
ये भी पढ़ें:–मोहम्मद यूनुस के नेतृत्व में बांग्लादेश की अंतरिम सरकार का गठन, शपथ ग्रहण आज
