कई देशों के लिए चीन में वीजा-फ्री एंट्री, फोटो (सो. एपी)
China UK Canada Visa Free Entry: वैश्विक पर्यटन को बढ़ावा देने और अंतरराष्ट्रीय व्यापारिक संबंधों को नई ऊर्जा देने के उद्देश्य से चीन ने अपनी वीजा नीति में बड़ा और अहम बदलाव किया है। चीन सरकार ने अपनी सीमाओं को और अधिक उदार बनाते हुए कई देशों के नागरिकों के लिए प्रवेश नियमों को आसान कर दिया है। इसी कड़ी में मंगलवार से ब्रिटेन और कनाडा के नागरिकों को बिना वीजा चीन में प्रवेश की अनुमति मिल जाएगी।
इस फैसले को चीन की आर्थिक और कूटनीतिक रणनीति के रूप में देखा जा रहा है जिसके जरिए वह पर्यटन, निवेश और व्यापारिक गतिविधियों को तेज करना चाहता है। इस नए विस्तार के साथ अब चीन द्वारा वीजा-मुक्त प्रवेश की सुविधा पाने वाले देशों की कुल संख्या बढ़कर 79 हो गई है।
चीन के नए दिशा-निर्देशों के अनुसार, इन 79 देशों के नागरिक पर्यटन, व्यापारिक बैठकों, विनिमय कार्यक्रमों या अपने दोस्तों और रिश्तेदारों से मिलने के लिए 30 दिनों तक चीन में बिना वीजा के रह सकते हैं। बीजिंग ने पिछले दो वर्षों में इस कार्यक्रम की पात्रता में काफी वृद्धि की है ताकि जटिल वीजा प्रक्रियाओं के कारण आने वाली बाधाओं को कम किया जा सके।
रिश्ते ब्रिटेन और कनाडा को इस सूची में शामिल करने का फैसला उनके प्रधानमंत्रियों क्रमशः कीर स्टारमर और मार्क कार्नी की पिछले महीने की चीन यात्रा के बाद आया है। ये दोनों नेता अपने देशों के बीजिंग के साथ तनावपूर्ण रहे संबंधों को फिर से सुधारने और व्यापारिक तालमेल बिठाने की कोशिश कर रहे हैं।
वीजा-मुक्त प्रवेश पाने वाले देशों में अधिकांश यूरोपीय देश शामिल हैं। इसके साथ ही लैटिन अमेरिका, दक्षिण-पूर्व एशिया और मध्य पूर्व के कुछ चुनिंदा देशों को भी यह लाभ दिया गया है। वहीं, संयुक्त राज्य अमेरिका और इंडोनेशिया जैसे देशों के नागरिकों को 10 दिनों के लिए ‘ट्रांजिट’ वीजा-मुक्त प्रवेश की सुविधा दी गई है बशर्ते उनके पास किसी तीसरे देश के लिए प्रस्थान का टिकट हो।
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फिलहाल, अधिकांश देशों के लिए यह वीजा-मुक्त पहुंच इस वर्ष के अंत तक मान्य है। हालांकि, चीन ने अतीत में इस तरह की समय-सीमाओं को बढ़ाया है, जिससे भविष्य में भी इसके जारी रहने की उम्मीद जताई जा रही है। व्यापारिक जगत और पर्यटकों ने इस बदलाव का स्वागत किया है, क्योंकि चीन की पारंपरिक वीजा प्रक्रिया काफी बोझिल मानी जाती रही है।