सांकेतिक फोटो (सो. सोशल मीडिया)
CBSE Board Exam Deferred In Middle East: मिडिल ईस्ट में तेजी से बिगड़ते सुरक्षा हालात का असर अब वहां रह रहे भारतीय छात्रों की पढ़ाई पर भी साफ दिखाई देने लगा है। क्षेत्र में बढ़ते तनाव और अस्थिर स्थिति को देखते हुए केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) ने खाड़ी देशों में आयोजित होने वाली 12वीं कक्षा की बोर्ड परीक्षाओं को फिलहाल स्थगित करने का महत्वपूर्ण निर्णय लिया है।
बोर्ड ने मौजूदा परिस्थितियों की गंभीरता का आकलन करने और छात्रों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए यह फैसला लिया है। CBSE के अनुसार, खाड़ी क्षेत्र में सुरक्षा स्थिति सामान्य होने तक परीक्षाओं को आगे के लिए टाल दिया गया है, ताकि किसी भी छात्र या स्कूल को जोखिम का सामना न करना पड़े।
बोर्ड द्वारा जारी नवीनतम सर्कुलर के अनुसार, कतर में भारतीय दूतावास ने दोहा स्थित संबद्ध विद्यालयों में 12 मार्च से 16 मार्च के बीच होने वाली 12वीं की परीक्षाओं को टाल दिया है। बोर्ड ने स्पष्ट किया है कि इन परीक्षाओं की नई तारीखों की घोषणा जल्द ही की जाएगी। बोर्ड आगामी 14 मार्च को स्थिति की एक बार फिर समीक्षा करेगा, जिसके बाद 16 मार्च के बाद होने वाले पर्चों पर अंतिम निर्णय लिया जाएगा।
Due to the ongoing regional situation in the Gulf region, the Central Board of Secondary Education (CBSE) has further announced the postponement of the Class XII Board Examinations scheduled from 12 March 2026 to 16 March 2026 in the Middle East region: India Embassy in Qatar pic.twitter.com/RTtE9veISl — IANS (@ians_india) March 9, 2026
यह केवल कतर तक सीमित नहीं है। इससे पहले 7 मार्च को जारी एक एडवाइजरी में सीबीएसई ने मध्य पूर्व संकट की चपेट में आए अन्य देशों बहरीन, ईरान, कुवैत, ओमान, सऊदी अरब और यूएई में भी 9, 10 और 11 मार्च को होने वाली परीक्षाओं को टालने की सूचना दी थी। बोर्ड स्थिति की संवेदनशीलता को देखते हुए लगातार समीक्षा कर रहा है। इससे पहले भी 1 मार्च, 3 मार्च और 5 मार्च को परीक्षाओं को स्थगित करने या रद्द करने के नोटिस जारी किए गए थे।
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सीबीएसई ने छात्रों और अभिभावकों को सलाह दी है कि वे परीक्षाओं से संबंधित किसी भी अपडेट के लिए केवल आधिकारिक घोषणाओं पर ही भरोसा करें और सोशल मीडिया पर फैलने वाली अफवाहों पर ध्यान न दें। छात्रों को निरंतर अपने स्कूलों के संपर्क में रहने के लिए कहा गया है ताकि उन्हें नई समय-सारणी की जानकारी समय पर मिल सके।