इटली है या भारत की गली? वायरल व्लॉग ने दिखाया यूरोप का ‘असली’ सच
Italy Desi Market : वायरल व्लॉग में इटली की संकरी गलियां, ठेले और मोलभाव वाला बाजार देखकर लोग हैरान हैं, सोशल मीडिया पर यूरोप की असल तस्वीर को लेकर बहस छिड़ गई है।
- Written By: हितेश तिवारी
वायरल वीडियो के स्क्रीनशॉट। (सोर्स - सोशल मीडिया)
Italy Reality Video : इटली का नाम सुनते ही लोगों के दिमाग में लग्जरी, आर्ट, फैशन और सलीके से सजी सड़कों की तस्वीर उभर आती है। कहा जाता है कि इटली में हर चीज आर्टिस्टिक होती है, फिर चाहे इमारतें हों, कैफे हों या लोगों का लाइफस्टाइल।
भारत की भीड़-भाड़ वाली गलियों से बिल्कुल उलट, यूरोप के इस देश को हमेशा एक साफ-सुथरा और पूरी तरह से व्यवस्थित समाज माना गया है। लेकिन सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे एक व्लॉग ने इस सोच को झकझोर कर रख दिया है। वीडियो में इटली का ऐसा चेहरा दिखाया गया है, जिसे देखकर लोग कन्फ्यूज हो गए हैं कि यह वाकई इटली है या भारत का कोई आम मोहल्ला।
इटली के कई इलाकों में फुटपाथ तक नहीं
वायरल वीडियो में संकरी गलियां, सड़क किनारे ठेले, सब्जी बेचते लोग और खुलेआम मोलभाव करते ग्राहक नजर आते हैं। माहौल इतना देसी लगता है कि पहली नजर में यूरोप जैसा एहसास ही नहीं होता। व्लॉगर बताती हैं कि उन्होंने जानबूझकर टूरिस्ट जगहों से हटकर इटली के पुराने इलाकों को एक्सप्लोर किया।
उनके मुताबिक, यह वही इटली है जहां आम लोग रहते हैं, काम करते हैं और रोजमर्रा की जद्दोजहद में लगे रहते हैं। वीडियो में यह भी दावा किया गया है कि कई पुराने इलाकों में बाकायदा फुटपाथ तक नहीं होते और सड़कें इतनी तंग हैं कि पैदल चलना भी चुनौती बन जाता है। साथ ही, यहां बेघर लोगों की संख्या भी काफी नजर आती है।
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हर देश का एक चमकदार और एक असली चेहरा होता है
यह वीडियो storyteller_meharma नाम की ट्रैवल व्लॉगर ने बनाया है, जो पाकिस्तान से ताल्लुक रखती हैं। वह यूरोप का वह साइड दिखाती हैं, जो आमतौर पर इंस्टाग्राम पोस्ट या ट्रैवल ब्रॉशर में नहीं दिखता। वीडियो वायरल होते ही सोशल मीडिया पर बहस छिड़ गई है। कुछ लोगों का कहना है कि हर देश का एक चमकदार और एक असली चेहरा होता है।
वहीं कई यूजर्स को यकीन ही नहीं हो रहा कि यह नजारा इटली का है। कुछ ने लिखा कि पहली बार लगा कि यूरोप को लेकर हमारे दिमाग में बनी परफेक्ट तस्वीर अधूरी है। वहीं कई लोगों ने सवाल उठाया कि क्या किसी भी देश को सिर्फ सोशल मीडिया की खूबसूरत तस्वीरों से जज करना सही है?
