

Uttar Pradesh School Online Attendance: उत्तर प्रदेश के परिषदीय और माध्यमिक विद्यालयों में शिक्षकों, कर्मचारियों और छात्र-छात्राओं की ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज कराने की व्यवस्था लागू होने के बावजूद इसकी स्थिति अभी संतोषजनक नहीं है। 13 अगस्त के आंकड़ों के अनुसार प्रदेश के 75 जिलों में से 71 जिलों में 50 प्रतिशत से अधिक विद्यालयों में ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज नहीं हो सकी। केवल चार जिलों में ही आधे से अधिक विद्यालयों में ऑनलाइन हाजिरी दर्ज की गई है।
यूपी बोर्ड की ओर से सभी जिला विद्यालय निरीक्षकों को ऑनलाइन उपस्थिति शत-प्रतिशत दर्ज कराने के निर्देश दिए गए हैं। बोर्ड सचिव भगवती सिंह ने स्पष्ट किया है कि ऑनलाइन उपस्थिति का उद्देश्य शिक्षकों और विद्यार्थियों की शत-प्रतिशत उपस्थिति सुनिश्चित करना है। इससे विद्यालयों में पढ़ाई-लिखाई का स्तर बेहतर होगा और परीक्षा केंद्र निर्धारण में भी मदद मिलेगी।
यूपी बोर्ड की ओर से डीआईओएस को भेजे गए पत्र में 13 अगस्त के पोर्टल आंकड़ों के आधार पर बताया गया कि अभी रामपुर, मुरादाबाद, महोबा और चित्रकूट ऐसे जिले हैं, जहां 50 प्रतिशत से अधिक विद्यालयों में ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज की जा रही है। हालांकि, बाकी जिलों में यह आंकड़ा इससे कम है।
आंकड़ों के मुताबिक गोंडा में सबसे कम ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज हुई। यहां केवल 7.35 प्रतिशत विद्यालयों में ऑनलाइन उपस्थिति मिली। इसके अलावा कई जिलों में 10 से 20 प्रतिशत विद्यालयों में ही ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज की जा रही है।
10 से 20 प्रतिशत विद्यालयों में ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज करने वाले जिलों में 26 जिले शामिल हैं। इनमें गोंडा के साथ सिद्धार्थनगर, आगरा, मैनपुरी, कानपुर देहात, कानपुर नगर, बुलंदशहर, हाथरस और सुल्तानपुर समेत अन्य जिले शामिल हैं।
बोर्ड सचिव ने सभी डीआईओएस को पत्र भेजकर शत-प्रतिशत ऑनलाइन उपस्थिति सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए हैं। अधिकारियों से व्यवस्था की निगरानी कर विद्यालयों में ऑनलाइन हाजिरी बढ़ाने को कहा गया है।