प्रतापगढ़ में पोल गिरने से हुआ हादसा, फोटो- सोशल मीडिया
Amethi Pratapgarh Highway Road Accident: प्रतापगढ़ के अंतू थाना क्षेत्र में रविवार को एक दिल दहला देने वाला हादसा हुआ। अमेठी-प्रतापगढ़ हाईवे पर स्थित एक पेट्रोल पंप पर 65 फीट ऊंचा हाईमास्ट लाइट का पोल लगाया जा रहा था, जो अचानक अनियंत्रित होकर सड़क से गुजर रही एक क्रेटा कार पर जा गिरा। इस भीषण दुर्घटना में समाजवादी पार्टी के नेता लाल बहादुर यादव की जान चली गई।
यह हृदयविदारक घटना अमेठी-प्रतापगढ़ हाईवे पर बाबूगंज बाजार के पास हुई। जानकारी के मुताबिक, अंतू थाना क्षेत्र के अंतर्गत बाबूगंज में स्थित भारत पेट्रोलियम के एक पंप पर लगभग 65 फीट ऊंचे हाईमास्ट लाइट के पोल को क्रेन की मदद से खड़ा करने का काम चल रहा था। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, इसी दौरान अचानक पोल असंतुलित हो गया।
बताया जा रहा है कि खंबा लगाते समय क्रेन का पट्टा (बेल्ट) अचानक टूट गया, जिससे 40 क्विंटल वजन का यह भारी-भरकम पोल सीधे सड़क से गुजर रही सपा नेता लाल बहादुर यादव की क्रेटा कार पर जा गिरा। खंभे की चपेट में आते ही कार पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई और उसमें सवार सपा नेता बुरी तरह दब गए।
डरावना वीडियो है लाल बहादुर यादव अपनी गाड़ी से जा रहे थे, तभी पेट्रोल पंप पर लगा एक पोल उनकी गाड़ी पर गिर गया. लाल बहादुर की उसी वक्त मौत हो गई. कल मुंबई में ऐसे ही चलते हुए रास्ते पर मेट्रो के पिलर का हिस्सा गिरा था, उसमें दबकर एक की मौत हो गई. 📍 प्रतापगढ़, यूपी pic.twitter.com/VuKH1ePMLv — Ranvijay Singh (@ranvijaylive) February 15, 2026
हादसे का सबसे दुखद पहलू यह है कि यह भीषण दुर्घटना लाल बहादुर यादव के घर से महज 500 मीटर की दूरी पर हुई। मृतक सपा नेता बाबूगंज बाजार के ही रहने वाले थे और वह अपनी निजी कार से शहर की तरफ जा रहे थे। लाल बहादुर यादव की पहचान क्षेत्र के एक सक्रिय नेता के रूप में थी। वे पीडब्ल्यूडी (PWD) में ठेकेदारी का काम करते थे और उन्होंने दो बार ग्राम पंचायत का चुनाव भी लड़ा था। हालांकि उन चुनावों में उन्हें सफलता नहीं मिली थी, लेकिन वे समाजवादी पार्टी के एक वफादार और सक्रिय कार्यकर्ता के रूप में क्षेत्र में जाने जाते थे।
हादसे के बाद हाईवे पर हड़कंप मच गया और घटनास्थल पर स्थानीय लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई। स्थानीय लोगों ने भारी आक्रोश व्यक्त करते हुए कार का दरवाजा तोड़कर सपा नेता को बाहर निकाला और तत्काल अस्पताल ले गए। हालांकि, उनकी चोटें इतनी गंभीर थीं कि डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
स्थानीय ग्रामीणों का आरोप है कि रिहायशी इलाके और चलती सड़क के पास इतना भारी काम करते समय सुरक्षा मानकों की अनदेखी की गई। पुलिस ने इस मामले में शिकायत दर्ज कर ली है और यह जांच की जा रही है कि पोल लगाने के दौरान इतनी बड़ी लापरवाही कैसे हुई और सुरक्षा के क्या इंतजाम थे।
यह भी पढ़ें: सोने-चांदी की चाल पड़ी सुस्त, इस हफ्ते कीमतों में हुआ मामूली बदलाव; जानें आपके शहर में क्या हैं ताजा रेट्स
इस दर्दनाक मौत की खबर मिलते ही लाल बहादुर यादव के परिवार में कोहराम मच गया है। बाबूगंज और आसपास के इलाकों में इस घटना को लेकर गहरा दुख व्याप्त है। समाजवादी पार्टी के स्थानीय नेताओं ने भी इस दुखद घटना पर शोक व्यक्त किया है और पीड़ित परिवार के लिए न्याय की मांग की है। पुलिस शव का पोस्टमार्टम कराने और दुर्घटना के तकनीकी कारणों की जांच करने में जुटी है, ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि इस भयानक लापरवाही के लिए कौन जिम्मेदार है।