इरफान सोलंकी
प्रयागराज: जहां एक तरफ कानपुर से समाजवादी पार्टी के पूर्व विधायक इरफान सोलंकी और उनके भाई रिजवान सोलंकी की तरफ से सजा के खिलाफ दायर की गई अपील व जमानत अर्जी पर बीते बुधवार 6 नवंबर को बहस पूरी हो गई है। वहीं आज यानी गुरुवार को अदालत राज्य सरकार का पक्ष सुनेगी।
जानकारी दें कि समाजवादी पार्टी के पूर्व विधायक इरफान सोलंकी की जमानत अर्जी पर इलाहाबाद उच्च न्यायालय में अब सुनवाई आज यानी गुरुवार को होगी। इस मामले पर सुनवाई न्यायमूर्ति राजीव गुप्ता और न्यायमूर्ति सुरेन्द्र सिंह की पीठ कर रही है। इरफान सोलंकी की तरफ से बीते बुधवार को बहस पूरी हो गई, लेकिन अपर शासकीय अधिवक्ता ने इस मामले में जिरह के लिए समय मांगा जिस पर अदालत ने राज्य सरकार का पक्ष सुनने के लिए आज 7 नवंबर 2024 की तिथि निर्धारित की।
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अब अगर इस मामले में इरफ़ान सोलंकी की सजा पर आज रोक लगती है तो UP के सीसामऊ सीट पर हो रहे उपचुनाव को रोकना पड़ेगा। क्योंकि इरफ़ान सोलंकी की सदस्यता फिर बहाल हो जाएगी। दरअसल आगजनी के मामले में 7 साल की सजा पाने की वजह से ही इरफ़ान की सदस्यता गई थी और इसी के चलते इस सीट पर आगामी 20 नवंबर को उपचुनाव होंगे।
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जानकारी दें कि, कानपुर के जाजमऊ इलाके में डिफेंस कॉलोनी की निवासी फातिमा के मकान में आग लगाने के आरोप में इरफान सोलंकी पर मुकदमा दर्ज हुआ था। तब कानपुर की एक विशेष अदालत ने सोलंकी और चार अन्य लोगों को दोषी करार देते हुए सात जून 2024 के अपने आदेश में उन्हें सात-सात साल के कारावास की सजा सुनाई थी। कानपुर की विशेष अदालत के निर्णय के खिलाफ अपील दायर की गई है तथा जमानत के साथ ही सजा पर रोक लगाने के लिए भी अर्जी दायर की गई है। वहीं दूसरी ओर, राज्य सरकार ने इस पर सजा बढ़ाने के लिए अपील दायर की है। फिलहाल इरफान सोलंकी यूपी की महाराजगंज जिला जेल में बंद है। (एजेंसी इनपुट के साथ)