सोमनाथ मंदिर (सौ. फ्रीपिक)
Somnath Temple Darshan: गुजरात का प्रसिद्ध सोमनाथ मंदिर दुनियाभर में फेमस है। जहां पर यात्रा अब पहले से भी अधिक व्यवस्थित कर दी गई है। मंदिर ट्रस्ट ने श्रद्धालुओं की सुविधा और मर्यादा को ध्यान में रखते हुए नया गाइडलाइन बुलेटिन जारी किया है। अब मंदिर में प्रवेश के लिए विशेष ड्रेस कोड का पालन करना अनिवार्य होगा।
भगवान शिव के प्रथम ज्योतिर्लिंग के रूप में पूजनीय श्री सोमनाथ मंदिर न केवल अपनी धार्मिक महत्ता बल्कि अपने गौरवशाली इतिहास के लिए भी जाना जाता है। साल 2026 में यदि आप अपनी आस्था की झोली लेकर सोमनाथ जा रहे हैं तो आपके लिए दर्शन से जुड़े नए प्रोटोकॉल समझना बेहद जरूरी है।
ड्रेस कोड का सख्ती से पालन सोमनाथ मंदिर ट्रस्ट ने स्पष्ट किया है कि मंदिर की मर्यादा बनाए रखने के लिए अब श्रद्धालुओं को पारंपरिक और शालीन कपड़ों में ही प्रवेश दिया जाएगा। छोटे कपड़े, हाफ पैंट, बरमूडा, मिनी स्कर्ट या नाइट सूट पहनकर आने वाले दर्शनार्थियों को मंदिर के मुख्य द्वार से ही वापस लौटाया जा सकता है। ट्रस्ट की सलाह है कि पुरुष कुर्ता-पायजामा या धोती और महिलाएं साड़ी या सूट का चुनाव करें।
दर्शन और आरती का नया समय श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए दर्शन के समय को व्यवस्थित किया गया है।
यह भी पढ़ें:- IRCTC Dubai Tour 2026: कम बजट में विदेश यात्रा का सपना होगा सच! आज ही बुक करें यह खास टूर पैकेज
सोमनाथ मंदिर (सौ. एआई)
सुरक्षा के लिहाज से मंदिर परिसर के भीतर मोबाइल फोन, कैमरा, स्मार्ट वॉच, पावर बैंक या किसी भी तरह के इलेक्ट्रॉनिक गैजेट्स ले जाना पूर्णतः प्रतिबंधित है। श्रद्धालुओं को सलाह दी जाती है कि वे अपना कीमती सामान मंदिर के बाहर बने निशुल्क क्लॉक रूम में जमा कर दें। साथ ही परिसर के भीतर फोटोग्राफी और वीडियोग्राफी करना दंडनीय अपराध की श्रेणी में आता है।
श्रद्धालुओं के लिए विशेष सुविधाएं वरिष्ठ नागरिकों और दिव्यांग जनों के लिए मंदिर ट्रस्ट ने विशेष प्रबंध किए हैं। मुख्य द्वार से मंदिर तक जाने के लिए निशुल्क व्हीलचेयर और गोल्फ कार्ट की सुविधा उपलब्ध है। इसके अलावा यात्रियों के ठहरने के लिए सागर दर्शन गेस्ट हाउस और अन्य लीलावती अतिथि गृहों में ऑनलाइन बुकिंग की सुविधा आधिकारिक वेबसाइट somnath.org पर दी गई है।
सोमनाथ पहुंचने के लिए सबसे नजदीकी रेलवे स्टेशन वेरावल है जो मंदिर से मात्र 5 किलोमीटर की दूरी पर है। यदि आप हवाई मार्ग से आना चाहते हैं तो दीव एयरपोर्ट (90 किमी) या राजकोट एयरपोर्ट (200 किमी) सबसे सही विकल्प हैं।
सोमनाथ मंदिर के दर्शन की योजना बनाने से पहले अपनी बुकिंग और नियमों की जांच जरूर कर लें। समुद्री तट पर स्थित इस मंदिर की आध्यात्मिक ऊर्जा और शाम की आरती का अनुभव आपके जीवन की सबसे सुखद याद बन सकता है।