Vaishakh Pradosh Vrat: कब है बैशाख का अंतिम प्रदोष व्रत? इस मुहूर्त में विधिवत पूजा से महादेव होंगे प्रसन्न!
Vaishakh Pradosh Vrat Significance:वैशाख माह का अंतिम प्रदोष व्रत भगवान शिव की कृपा पाने के लिए अत्यंत शुभ माना जाता है। इस दिन सही मुहूर्त में विधि-विधान से पूजा करने पर महादेव प्रसन्न होते है।
- Written By: सीमा कुमारी
भगवान शिव (सोर्स- सोशल मीडिया)
Vaishakh Pradosh Vrat Kab Hai : प्रदोष व्रत भगवान शिव की कृपा प्राप्त करने का सबसे शुभ दिन माना जाता है। प्रदोष व्रत हर महीने दो बार रखा जाता है। जिसका अलग ही महत्व है। इस बार वैशाख माह का अंतिम प्रदोष व्रत 28 अप्रैल, मंगलवार के दिन रखा जाएगा। मंगलवार के दिन जो प्रदोष व्रत पड़ता है, वो भौम प्रदोष व्रत कहलाता है. ऐसे में ये भौम प्रदोष व्रत रहेगा।
वैशाख माह का प्रदोष व्रत कब है?
पंचांग के अनुसार वैशाख माह के शुक्ल पक्ष की त्रयोदशी तिथि 28 अप्रैल को शाम 6 बजकर 51 मिनट पर शुरू होगी और 29 अप्रैल को शाम 7 बजकर 51 मिनट पर समाप्त होगी। प्रदोष व्रत का पूजन प्रदोष काल में किया जाता है और इसलिए वैशाख माह का अंतिम प्रदोष व्रत 28 अप्रैल 2026 को रखा जाएगा। यह व्रत मंगलवार को पड़ेगा और इसलिए इसे भौम प्रदोष व्रत कहा गया ।
भौम प्रदोष व्रत 2026 शुभ मुहूर्त
पंचांग के अनुसार 28 अप्रैल को भौम प्रदोष व्रत के दिन पूजा का शुभ मुहूर्त शाम 6 बजकर 54 मिनट से लेकर रात 9 बजकर 4 मिनट तक रहेगा। कहते हैं कि शुभ मुहूर्त में भोलेनाथ का पूजन करने से शुभ फल की प्राप्ति होती है।
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ऐसे करें प्रदोष व्रत की पूजा
- प्रदोष व्रत के दिन सुबह जल्दी उठकर स्नान करें और स्वच्छ वस्त्र पहनें. फिर व्रत का संकल्प लें ।
- पूजा के लिए बेलपत्र, धतूरा, आक के फूल, अक्षत, धूप, दीप, गंगाजल, और मिष्ठान तैयार रखें ।
- प्रदोष काल यानी शाम के समय फिर स्नान करें या हाथ-पैर धोकर शुद्ध हो जाएं ।
- एक चौकी पर भगवान शिव, माता पार्वती और गणेश जी की प्रतिमा रखें।
- सबसे पहले शिवलिंग का गंगाजल और कच्चे दूध से अभिषेक करें ।
- शिवलिंग पर बेलपत्र, फूल, भांग, धतूरा आदि अर्पित करें।
- इसके बाद ॐ नमः शिवाय मंत्र का जाप करें. प्रदोष व्रत की कथा पढ़ें या सुनें।
- आखिर में भगवान शिव की आरती करें और सभी में प्रसाद वितरित करें।
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इस तरह करें महादेव को प्रसन्न
अगर आप लंबे समय से कर्ज का सामना कर रहे हैं, तो इस समस्या से मुक्ति पाने के लिए भौम प्रदोष व्रत के दिन शिवलिंग पर लाल मसूर की दाल अर्पित करें। इस दौरान सच्चे मन से ऋणमोचक मंगल स्तोत्र का पाठ करें।
धार्मिक मान्यता के अनुसार, इस उपाय को करने से महादेव प्रसन्न होते हैं और कर्ज की समस्या से मुक्ति मिलती है। साथ ही धन लाभ के योग बनते हैं।
मान्यता है कि प्रदोष व्रत के दिन सफेद चीजों का दान करने से मानसिक तनाव दूर होता है। इसलिए सफेद चीजों का दान जरूर करें।
सुखी वैवाहिक जीवन के लिए प्रदोष व्रत के दिन माता पार्वती को लाल चुनरी और सुहाग की सामग्री अर्पित करें। इसके बाद इन चीजों को किसी सुहागिन महिला को दान करें।
ऐसा माना जाता है कि इस उपाय को करने से वैवाहिक जीवन में सुख-शांति बनी रहती है।
