Mahakal Bhasm Aarti: उज्जैन महाकाल मंदिर में ऑफलाइन नहीं मिलेगी भस्मआरती की अनुमति, ऑनलाइन बुकिंग हुई अनिवार्य
Mahakal Bhasm Aarti Booking Rules: महाकालेश्वर मंदिर में भस्म आरती के नियमों में बड़ा बदलाव किया गया है। अब ऑफलाइन परमिशन बंद कर ऑनलाइन बुकिंग अनिवार्य कर दी गई है।
- Written By: सीमा कुमारी
महाकालेश्वर मंदिर( सौ. Gemini)
Mahakaleshwar Temple Bhasm Aarti Rules Change: विश्व प्रसिद्ध ज्योतिर्लिंग महाकालेश्वर का धाम लाखों करोड़ों दर्शनार्थियों की आस्था का केंद्र रहा है। यह ज्योतिर्लिंग 12 ज्योतिर्लिंगों में से एक है जो शिव को समर्पित एक हिंदू मंदिर है और यह बारह ज्योतिर्लिंगों में से एक है।
जिन्हें शिव का सबसे पवित्र निवास स्थान माना जाता है। यह मंदिर भारत के मध्य प्रदेश राज्य के प्राचीन शहर उज्जैन में स्थित है। हर रोज 1 लाख से अधिक भक्त दर्शन के लिए महाकालेश्वर का धाम पहुंचते है।
भस्म आरती बुकिंग के लिए बड़ा बदलाव
महाकालेश्वर मंदिर में भस्मारती व्यवस्था में बड़ा बदलाव किया गया है। अब ऑफलाइन अनुमति पूरी तरह बंद कर दी गई है और श्रद्धालुओं को लाइन में लगने की जरूरत नहीं होगी, क्योंकि पहले मिलने वाली 300 निशुल्क परमिशन को अब ₹200 के तत्काल ऑनलाइन कोटे में बदल दिया गया है।
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साथ ही एडवांस बुकिंग अवधि 3 महीने से घटाकर 1 महीना कर दी गई है। मंदिर समिति ने पारदर्शिता बढ़ाने के लिए संध्या और शयन आरती की बुकिंग भी ₹250 शुल्क के साथ ऑनलाइन कर दी है, जबकि निशुल्क भक्तों के लिए केवल चलित दर्शन की सुविधा उपलब्ध रहेगी।
पर्ची कटवाने का पुरानी तरीका खत्म हो गया
जानकारों के अनुसार, महाकालेश्वर मंदिर में अब भस्म आरती (Bhasm Aarti) के लिए काउंटर पर जाकर पर्ची कटवाने का पुरानी तरीका खत्म हो गया है। मंदिर समिति ने 9 अप्रैल से ऑफलाइन अनुमति की व्यवस्था को पूरी तरह बंद कर दिया है इसका उद्देश्य मंदिर परिसर में लगने वाली लाइनों और श्रद्धालुओं की थकान को कम करना है। . श्रद्धालुओं को 5 से 6 घंटे लाइन में खड़ा रहना पड़ता था।
पहले जो 300 परमिशन ऑफलाइन और मुफ्त मिलती थीं, वे अब तत्काल कोटे के नाम से ऑनलाइन उपलब्ध रहेगी। हालांकि, अब इसके लिए हर श्रद्धालु को 200 रुपए चुकाना होगा। यह बुकिंग दर्शन की तारीख से ठीक एक दिन पहले सुबह 8 बजे मंदिर की वेबसाइट पर खुलेगी और पहले आओ, पहले पाओ के आधार पर दी जाएगी।
ऑनलाइन बुकिंग बड़ा बदलाव किया गया
सामान्य ऑनलाइन बुकिंग के नियमों में भी बड़ा बदलाव किया गया है। अब श्रद्धालु पहले की तरह 3 महीने पहले टिकट बुक नहीं कर सकेंगे, बल्कि यह समय सीमा घटाकर 1 महीने कर दी गई है। यानी जून महीने की बुकिंग 1 मई से और जुलाई की बुकिंग 1 जून से शुरू होगी, ताकि ज्यादा से ज्यादा लोगों को दर्शन का अवसर मिल सके।
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संध्या और शयन आरती भी अब ऑनलाइन
बताया जा रहा है कि, महाकालेश्वर मंदिर में भस्मारती की तरह अब संध्या और शयन आरती को भी ऑनलाइन सिस्टम से जोड़ दिया गया है। इन आरतियों में बैठकर शामिल होने के लिए श्रद्धालुओं को प्रति व्यक्ति ₹250 का भुगतान करना होगा। संध्या आरती की बुकिंग दोपहर 12 बजे से और शयन आरती की बुकिंग शाम 4 बजे से शुरू होती है, जिससे प्रक्रिया अधिक व्यवस्थित और पारदर्शी बन गई है।
