षटतिला एकादशी के दिन तिल के दान से क्या होगा? जानिए आख़िर क्यों है इतना महत्व
Lord Vishnu Worship: षटतिला एकादशी के दिन तिल का दान अत्यंत पुण्यकारी माना जाता है। धार्मिक मान्यता है कि इस दिन तिल का दान करने से पापों का नाश होता है और भगवान विष्णु की विशेष कृपा प्राप्त होती है।
- Written By: सीमा कुमारी
भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी (सौ.सोशल मीडिया)
Shattila Ekadashi Time: हर साल माघ माह के कृष्ण पक्ष की एकादशी को ‘षटतिला एकादशी’ मनाई जाती है। पंचांग के अनुसार, इस वर्ष षटतिला एकादशी 14 जनवरी, यानी मकर मकर संक्रांति के दिन मनाया जा रहा है। ज्योतिषयों के अनुसार, इस बार षटतिला एकादशी और मकर संक्रांति दोनों एक दिन पड़ने के कारण इसका महत्व और भी बढ़ गया है।
षटतिला एकादशी हिंदू धर्म में अत्यंत पुण्यकारी व्रत मानी जाती है। इस दिन तिल काले तिल का दान, सेवन और उपयोग विशेष फल देने वाला माना गया है। आइए जानें इसके पीछे धार्मिक, आध्यात्मिक और प्रतीकात्मक कारण
षटतिला एकादशी पर तिल दान का महत्व
पापों के नाश का प्रतीक
शास्त्रों के अनुसार, काले तिल भगवान विष्णु और यमराज दोनों को प्रिय हैं। षटतिला एकादशी पर तिल का दान करने से जाने-अनजाने में किए गए पापों का नाश होता है।
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षड्विध तिल प्रयोग का विधान
इस एकादशी को षटतिला इसलिए कहा जाता है क्योंकि इस दिन तिल का छह प्रकार से उपयोग किया जाता है—
- तिल से स्नान
- तिल का उबटन
- तिल का हवन
- तिल का सेवन
- तिल का दान
- तिल से दीपक जलाना
इन छह कर्मों से विशेष पुण्य की प्राप्ति होती है।
दरिद्रता और कष्ट दूर करने वाला
मान्यता है कि तिल का दान करने से आर्थिक संकट, कर्ज और जीवन की बाधाएं दूर होती हैं तथा घर में लक्ष्मी का वास होता है।
पितृ दोष से मुक्ति
काले तिल पितरों को अति प्रिय माने गए हैं। इस दिन तिल दान से पितृ दोष शांत होता है और पितरों की कृपा प्राप्त होती है।
मोक्ष का मार्ग प्रशस्त करता है
पद्म पुराण के अनुसार षटतिला एकादशी पर तिल का दान करने वाला व्यक्ति यम यातना से मुक्त होता है और वैकुंठ लोक की प्राप्ति करता है।
ठंड के मौसम में दान का विशेष महत्व
माघ मास की एकादशी होने के कारण इस समय तिल का दान शरीर को ऊष्मा देने और जीवन रक्षा का प्रतीक माना गया है, इसलिए इसका पुण्य और बढ़ जाता है।
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कैसे करें षटतिला एकादशी पर तिल का दान?
- स्नान के बाद साफ वस्त्र पहनें
- भगवान विष्णु का पूजन करें
- काले तिल, गुड़, वस्त्र या अन्न किसी ब्राह्मण या जरूरतमंद को दें
- दान करते समय मन में श्रद्धा और शुद्ध भावना रखें
इसी कारण षटतिला एकादशी पर तिल का दान सबसे पुण्यकारी माना गया है और इसे करने से जीवन में सुख, शांति और समृद्धि आती है।
