मंदिर का सामने वाला हिस्सा कमाल की नक्काशी से भरा है, जिसमें देवी-देवताओं, जानवरों और पुरानी कहानियों के पात्रों की मूर्तियां बनी हैं। इनमें कुछ खास तस्वीरें भी हैं, जैसे एक ब्रिटिश सैनिक ने गैंडे को बांध रखा है। ऐसा माना जाता है कि ये नक्काशी 1757 में हुई प्लासी की लड़ाई के बाद बंगाल और असम पर अंग्रेजों की जीत को दिखाती है।