नाफेड केंद्र पर सोयाबीन खरीदी ठप, शिवसेना की दखल के बाद हरकत में प्रशासन
Zhari Jamani Latest News: मुकुटबन नाफेड केंद्र पर ग्रेडर न होने से सोयाबीन खरीदी ठप पड़ी है। किसानों में रोष, शिवसेना दखल के बाद प्रशासन हरकत में, शुक्रवार से खरीदी शुरू होने की संभावना है।
- Written By: आंचल लोखंडे
नाफेड केंद्र पर सोयाबीन खरीदी ठप (सौजन्यः सोशल मीडिया)
Mukutban Procurement Center: मुकुटबन स्थित सहकारी शेतकरी खरीद-विक्री संघ के नाफेड केंद्र पर ग्रेडर उपलब्ध न होने के कारण बुधवार दोपहर 4 बजे से सोयाबीन की खरीदी पूरी तरह ठप रही। लगभग 24 घंटे से खरीदी न रुकने से परेशान किसानों ने नाराज़गी जताई। मामले को गंभीरता से लेते हुए शिवसेना उबाठा पदाधिकारी संदीप विचु ने 27 नवंबर को तहसीलदार, विधायक व कृषि अधिकारियों का ध्यान इस ओर आकर्षित किया। इसके बाद तहसीलदार अक्षय रासने ने संबंधित विभाग को तत्काल निर्देश दिए।
शिकायत पर सहायक निबंधक सचिन कुडमेथे ने त्वरित कार्रवाई करते हुए शुक्रवार से खरीद प्रक्रिया नियमित रूप से शुरू करने का आश्वासन दिया। खरीदी बंद रहने से किसानों में रोष बढ़ रहा था और वे रास्ता रोको आंदोलन करने के मूड में थे, लेकिन मुकुटबन पुलिस के बादल जाधव ने समझाइश देकर किसानों को शांत किया।
नाफेड अधिकारियों की अनुपस्थिति
दोपहर 4 बजे नाफेड अधिकारियों की अनुपस्थिति में सहायक निबंधक सहकारी संस्था वणी के अधिकारी सचिन कुडमेथे स्थल पर पहुंचे। इस दौरान संघ के संचालक संतोष पाईलवार, विजय पनगंटीवार, सचिव धनराज डोहे, शिवसेना पदाधिकारी संदीप विचु, संतोष माहूरे, अशोक कल्लुरवार, कृषि उप अधिकारी नामदेव किनाके, कृषि सहायक मनोज कोरांगे, मंडल अधिकारी सुभाष खैरे, ग्राम महसूल अधिकारी मोबीन सिद्दीकी, दामोधर इटनकर, बाजार समिति के पूर्व सचिव रमेश येल्टीवार सहित किसान उपस्थित थे। अधिकारियों ने किसानों की समस्याएं सुनकर नाफेड अधिकारियों व ग्रेडर ऑपरेटर से फोन पर चर्चा की। पंचनामा तैयार कर यह निर्णय लिया गया कि ग्रेडर उपलब्ध होते ही शुक्रवार से सोयाबीन खरीदी पुनः शुरू की जाएगी।
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सोयाबीन नाफेड के मानकों पर खरा न उतरा
किसानों को सोयाबीन वापस ले जाने को कहा 26 नवंबर को 12 किसानों का सोयाबीन केंद्र पर आया था, लेकिन कुछ किसानों का सोयाबीन नाफेड के मानकों पर खरा न उतरने से ग्रेडर ने उन्हें अनाज वापस ले जाने को कहा। किसान अनाज वापस नहीं ले जा रहे थे, जिसके चलते उपस्थित पंच एवं अधिकारियों की मौजूदगी में पंचनामा किया गया।
सहमति बनी कि शुक्रवार को ग्रेडर उपलब्ध होते ही इन 12 किसानों का सोयाबीन पहले लिया जाएगा, जिससे किसी को आपत्ति न रहे।पंचनामे पर सहायक निबंधक सचिन कुडमेथे, कृषि उप अधिकारी नामदेव किनाके, बाजार समिति के पूर्व सचिव रमेश येल्टीवार, संचालक संतोष पाईलवार, विजय पनगंटीवार तथा पुलिस थानेदार प्रतिनिधि दिलीप जाधव के हस्ताक्षर किए गए।
