यवतमाल: चलती बस में अब नहीं मिलेगी टिकट, ‘इश्यू एंड स्टार्ट’ लागू टिकट के बाद ही रवाना होंगी एसटी बसें
Yavatmal News: एसटी बस रवाना होने से पहले सभी यात्रियों को टिकट देना अनिवार्य,'इश्यू एंड स्टार्ट' प्रणाली से राजस्व की चोरी रुकेगी और बसें समय पर चलेंगी। यवतमाल समेत राज्य भर में नियम लागू।
- Written By: रूपम सिंह
प्रतीकात्मक तस्वीर ( सोर्स: सोशल मीडिया )
Yavatmal ST Bus: यवतमाल एसटी बस पूरी तरह भरने के बाद रवाना होती है और वर्षों से चलती बस में ही कंडक्टर द्वारा यात्रियों को टिकट दिए जाते रहे हैं। अब यह प्रथा स्थायी रूप से बंद होने जा रही है। राज्य परिवहन महामंडल ने ‘इश्यू एंड स्टार्ट’ प्रणाली लागू करने के आदेश दिए हैं, जिसके तहत सभी यात्रियों को टिकट देने के बाद ही बस रवाना की जाएगी।
राज्य परिवहन निगम ने बस फेरियों में होने वाले विलंब को रोकने के उद्देश्य से ‘इश्यू एंड स्टार्ट’ कार्यप्रणाली को सख्ती से लागू करने का निर्णय लिया है। इस संबंध में सभी विभागीय नियंत्रकों को स्पष्ट निर्देश जारी किए गए हैं। निर्देशों के अनुसार, बस को निर्धारित समय से 15 मिनट पहले प्लेटफॉर्म पर खड़ा किया जाएगा और यात्रियों को टिकट देने के बाद ही बस को रवाना किया जाएगा।
समय की पाबंदी
चालक और परिचालक (कंडक्टर) को यह सुनिश्चित करना होगा कि बस नियत समय से पहले प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध हो। सभी यात्रियों को टिकट देने के बाद ही बस अपने तय समय पर प्रस्थान करेगी। ‘इश्यू एंड स्टार्ट’ प्रणाली का मुख्य उद्देश्य एसटी के राजस्व की सुरक्षा करना, आय में होने वाली चोरी या रिसाव को रोकना तथा बस सेवाओं को समय पर संचालित करना है।
सम्बंधित ख़बरें
शिंदेसेना के साथ काम करेंगे गोकुल गीते, बने सहयोगी सदस्य, आखिर कैसे सफल रहा उदय सामंत का खेल?
मुंबई: मध्य रेल के 11 कर्मचारियों को मिला महाप्रबंधक संरक्षा पुरस्कार, समय रहते टालीं थीं संभावित दुर्घटनाएं
बैंकॉक से लाया जा रहा ₹2.27 करोड़ का हाइड्रोपोनिक वीड, मुंबई एयरपोर्ट पर कस्टम्स की बड़ी कार्रवाई, दबोचा तस्कर
‘मैं टिकट मांगने मातोश्री नहीं गया था, मुझे खुद बुलाया गया’, शिंदे गुट में शामिल होते ही बरसे संजय दीना पाटिल
महामंडल के निरीक्षण में यह सामने आया है कि इस प्रणाली का शत-प्रतिशत पालन नहीं हो रहा है। इसी पृष्ठभूमि में दोबारा कड़ाई से अमल करने के निर्देश दिए गए हैं। इस संबंध में एसटी के यातायात महाप्रबंधक ने 27 जनवरी को सभी विभागीय नियंत्रकों को पत्र भेजकर आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए हैं।
यह भी पढ़ें:- गड़चिरोली में ग्रीष्मकालीन जलसंकट से निपटने को प्रशासन तैयार, 211 गांवों के लिए 10.13 करोड़ का प्रारुप
यात्रियों को सिखाया जाएगा अनुशासन
- बस स्टेशन से रवाना होने से पहले सभी यात्रियों को टिकट देना अनिवार्य
- आरक्षित टिकट वाले यात्रियों की उपस्थिति की पुष्टि करना
- बस रवाना होने से पहले यात्रियों की संख्या यातायात नियंत्रक को सूचित करना
- यात्रियों के प्रवेश के लिए क्यू रेलिंग (लाइन व्यवस्था) उपलब्ध कराना
- भीड़भाड़ के समय वर्दीधारी यातायात पर्यवेक्षक उपस्थित रहकर सहायता करेंगे
- प्रत्येक बस को सही मार्ग-सूचक पट्टिका (रूट बोर्ड) के साथ रवाना करना
- बस स्टेशन की यात्री सुविधाओं और स्वच्छता की नियमित जांच करना
