मीरा-भाईंदर में शिवाजी महाराज प्रतिमा को लेकर राजनीति गरमाई, प्रताप सरनाईक ने प्रशासन को दी चेतावनी
Pratap Sarnaik News: काशीमीरा स्थित छत्रपति शिवाजी महाराज की प्रतिमा को हटाने की चर्चा पर विवाद गहरा गया है। परिवहन मंत्री प्रताप सरनाईक ने प्रशासन को कड़ी चेतावनी देते हुए फैसले का विरोध किया है।
- Written By: अपूर्वा नायक
काशीमीरा स्थित छत्रपति शिवाजी महाराज की प्रतिमा (सौ. सोशल मीडिया )
Pratap Sarnaik Opposes Kashimira Shivaji Statue Removal: परिवहन मंत्री प्रताप सरनाईक ने मीरा-भाईंदर मनपा की आम सभा में लिए गए उस फैसले पर तीखा विरोध जताया है, जिसमें काशीमीरा स्थित छत्रपति शिवाजी महाराज की प्रतिमा को सौंदर्याकरण के नाम पर हटाने की चर्चा हुई।
सरनाईक ने इसे जनभावनाओं के साथ खिलवाड़ बताते हुए प्रशासन और सत्ताधारी दल को कड़ी चेतावनी दी है। सरनाईक ने मनपा आयुक्त राधाविनोद शर्मा और महापौर डिंपल मेहता को लिखित पत्र में कहा है कि काशीमीरा स्थित छत्रपति शिवाजी महाराज की प्रतिमा केवल एक स्मारक नहीं, बल्कि मीरा-भाईंदर शहर की पहचान और करोड़ों लोगों की आस्था का प्रतीक है। उन्होंने आरोप लगाया कि सत्ता में आने के बाद जनभावनाओं को नजरअंदाज किया जा रहा है।
केवल चबूतरे की मरम्मत के लिए प्रतिमा हटाने की जरूरत नहीं
सरनाईक ने कहा कि यदि केवल चबूतरे की मरम्मत करनी है, तो आधुनिक तकनीक के जरिए प्रतिमा को हटाए बिना भी काम किया जा सकता है। उन्होंने सवाल उठाया कि आखिर प्रतिमा को हटाने की जरूरत किसके हित में पैदा हुई है।
सम्बंधित ख़बरें
अशोक खरात का अंधभक्त और बलात्कार मामले का आरोपी ठाणे नगर निगम का सहायक आयुक्त महेश आहेर गिरफ्तार
Airoli Katai Naka Corridor से बदलेगी एमएमआर की कनेक्टिविटी, सफर में 45 मिनट तक की होगी बचत
विरारवासियों को बड़ी सौगात, आज खुलेगा बहुप्रतीक्षित नारंगी फ्लाईओवर
गोरेगांव में हाईराइज फ्लैट से लाखों की चोरी, बांगुरनगर पुलिस ने सराय मालिक को किया गिरफ्तार
परिवहन मंत्री प्रताप सरनाईक ने प्रशासन को यह भी प्रस्ताव दिया कि यदि मनपा आर्थिक संकट से जूझ रहा है, तो वे अपने विधायक निधि या निजी खर्च से स्मारक के सौंदर्यीकरण का पूरा खर्च उठाने को तैयार हैं। हालांकि उन्होंने साफ कहा कि किसी भी कीमत पर महाराज की प्रतिमा को वहां से हटाने नहीं दिया जाएगा।
ये भी पढ़ें :- Airoli Katai Naka Corridor से बदलेगी एमएमआर की कनेक्टिविटी, सफर में 45 मिनट तक की होगी बचत
प्रतिमा हटाकर लगाने में लग गए थे 16 साल
- उन्होंने उत्तन स्थित नरवीर चिमाजी अप्पा की प्रतिमा का उदाहरण देते हुए कहा कि एक बार प्रतिमा हटने के बाद उसे दोबारा स्थापित करने में 16 साल लग गए थे। ऐसे में जनता अब विकास के नाम पर किए जा रहे वादों पर भरोसा नहीं कर रही है।
- सरनाईक ने चेतावनी दी कि यदि प्रशासन ने यह निर्णय वापस नहीं लिया, तो यह फैसला ‘आत्मघाती’ साबित होगा।
- साथ ही उन्होंने कहा कि शिव प्रेमी इस मुद्दे पर चुप नहीं बैठेंगे। हालांकि बुधवार को महासभा के दौरान उपमहापौर ध्रुवकिशोर पाटिल ने स्पष्ट रूप से सदन को बताया था कि फिलहाल प्रतिमा के मरम्मत का निर्णय लिया गया है, स्थानांतरित करने का कोई भी प्रस्ताव पारित नहीं किया गया है।
