पुणे मनपा के 12 अधिकारियों पर एक्शन, तबादले व निलंबन की कार्रवाई से मचा हड़कंप
Pune News: पुणे मनपा आयुक्त नवल किशोर राम ने लापरवाही पर सख्त कार्रवाई शुरू की। 12 अधिकारियों पर कार्रवाई, टीडीआर कर्मचारियों निलंबित, स्वास्थ्य निरीक्षक पर जुर्माना।
- Written By: आकाश मसने
पुणे महानगर पालिका (सोर्स: सोशल मीडिया)
Action Against 12 Officials Of Pune Municipal Corporation: पुणे मनपा के क्षेत्रीय कार्यालयों के सहायक आयुक्त अब मुश्किलों में फंसते दिखाई दे रहे हैं। क्योंकि मनपा आयुक्त का पदभार संभालने के बाद से नवल किशोर राम पूरे एक्शन मोड में नजर आ रहे है। और काम में लापरवाही बतरने, नागरिकों की शिकायतें और प्रत्यक्ष निरीक्षण में मिली खामियों पर सीधे कार्रवाई कर रहे है।
पिछले सप्ताह भर में उन्होंने 12 अधिकारियों पर कार्रवाई कर साफ कर दिया है कि लापरवाही, काम में अनियमितता और बेफ्रिकी बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
इस क्रम में टीडीआर विभाग की कनिष्ठ अभियंता शुभांगी तरुकमारे को निलंबित कर दिया गया है। इसी तरह टीडीआर विभाग के उपअभियंता संदीप मिसाल को निलंबित कर दिया गया है। वही वरिष्ठ स्वास्थ्य निरीक्षक सुनील कांबले पर काम में लापरवाही बरतने पर 5 हजार का जुर्माना लगाया गया है।
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आयुक्त का सीधे कार्रवाई का डंडा चलाना जारी
इससे पूर्व मनपा के अधिकारियों ने काम के लिए पर्याप्त अधिकार नहीं मिलने और वित्तीय संसाधन की कमी का रोना रोया था। इसके बाद पुणे मनपा आयुक्त नवल किशोर राम ने अधिकारियों को पर्याप्त अधिकार दिया। इसके बावजूद काम में सुधार नहीं आने पर अब मनपा आयुक्त ने सीधे कार्रवाई का डंडा चलाना शुरू कर दिया है। मनपा आयुक्त ने अपने कई निरीक्षण दौरे में पाया कि सफाई, अतिक्रमण, अवैध फ्लेक्स, सड़कों और सीवेज जैसी बुनियादी सुविधाओं में सुधार पर पर्याप्त ध्यान नहीं दिया जा रहा है।
समस्याओं के निवारण में भी लापरवाही
पिछले तीन वर्षों से पुणे महापालिका प्रशासक के अधीन है। नगरसेवकों के नहीं होने के कारण अधिकारियों और कर्मचारियों पर नियंत्रण कमजोर पड़ा है। नागरिक और राजनीतिक प्रतिनिधि शिकायत लेकर आते हैं, लेकिन उनका समाधान नहीं निकल पाता है।
कुछ अधिकारी कार्यालय के समय का पालन नहीं करते है, देरी से आते हैं या जल्दी निकल जाते हैं। इसका सीधा असर शहर की कार्यप्रणाली पर पड़ रहा है। आयुक्त को यह भी शिकायतें मिली हैं कि क्षेत्रीय कार्यालय तात्कालिक समस्याओं के निवारण में भी लापरवाही बरत रहा है।
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इन शिकायतों में प्रभाग स्तर पर कचरा, सड़क की अस्वच्छता, खराब सीवेज लाइनें, गलियों की सड़क की तत्काल मरम्मत, अतिक्रमण और अवैध फ्लेक्स जैसे मामले शामिल हैं। शिकायतों की समीक्षा के बाद अब आयुक्त स्वयं निरीक्षण में जुट गए हैं और संबंधित अधिकारियों को समस्या के तात्कालिक समाधान के निर्देश दे रहे हैं।
शिवाजीनगर-घोले मार्ग पर स्वच्छता में लापरवाही
- सुनील कांबले वरिष्ठ स्वास्थ्य निरीक्षक- 5,000 का दंड
- संगीता बदामी स्वास्थ्य निरीक्षक- 4,000 का दंड
- ललित मकवाणी मुकादम- 2,000 का दंड
- राज सालवी मुकादम- 2,000 का दंड
प्रशासनिक लापरवाही
- शीतल वाकडे – सहायक आयुक्त – ट्रांसफर
- विनायक शिंदे- उपअभियंता – निलंबित
- गणेश पुरम उप अभियंता – निलंबित
अधिकारियों को दी गई चेतावनी
शाखा अभियंता, स्वास्थ्य निरीक्षक और मुकदमों के मामलों में शामिल अधिकारियों को निलंबित किया गया। घोले रोड-शिवाजी नगर क्षेत्रीय कार्यालय के वरिष्ठ स्वास्थ्य निरीक्षक सहित चार अधिकारियों पर दंडात्मक कार्रवाई भी की गई।
आयुक्त ने स्पष्ट कर दिया है लापरवाही और शिकायतों पर ध्यान नहीं देने वाले अधिकारी महापालिका के रडार पर है। अब अधिकारी अपनी जिम्मेदारियों के प्रति सजग हो जाए अन्यथा उनके खिलाफ और सख्त कार्रवाई की जाएगी।
मनपा में बुनियादी सुविधाओं की गुणवत्ता और नागरिकों की शिकायतों का त्वरित समाधान सुनिश्चित करने के लिए यह कदम महत्वपूर्ण माना जा रहा है। आयुक्त ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि सफाई, सीवेज, सड़क मरम्मत और अतिक्रमण के मामलों में त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
