पुणे कैंटोन्मेंट बोर्ड का PMC में समावेश जल्द, नागरिक सेवाएं होंगी समान
PMC को और अधिक प्रभावी बनाने के लिए पुणे और खड़की कैंटोन्मेंट बोर्ड के पीएमसी में विलय की प्रक्रिया जारी है। केंद्रीय मंत्री मुरलीधर मोहोल ने स्पष्ट किया कि इससे नागरिक सुविधाएं और बेहतर होगी।
- Written By: अपूर्वा नायक
पुणे महानगरपालिका (सौ. सोशल मीडिया )
Pune News In Hindi: पुणे महानगर पालिका (PMC) को और अधिक व्यापक, सक्षम और नागरिक-हितैषी बनाने की दिशा में बड़ा प्रशासनिक कदम उठाया जा रहा है।
पुणे कैंटोन्मेंट बोर्ड और खड़की कैंटोन्मेंट बोर्ड को पीएमसी में शामिल करने की प्रक्रिया फिलहाल चल रही है। इसकी जानकारी केंद्रीय राज्य मंत्री और पुणे से सांसद मुरलीधर मोहोल ने दी।
मुरलीधर मोहोल ने कहा कि कैंटोन्मेंट क्षेत्रों में रहने वाले नागरिकों को अब तक कई बुनियादी सुविधाओं के लिए अलग-अलग प्रशासनिक व्यवस्थाओं पर निर्भर रहना पड़ता था। पीएमसी में विलय के बाद जल आपूर्ति, सड़क, स्वच्छता, स्वास्थ्य और अन्य नागरिक सेवाएं एक समान नीति के तहत उपलब्ध कराई जा सकेंगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस प्रक्रिया को जल्द पूरा करना उनकी जिम्मेदारी है।
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प्रशासनिक एकरूपता और नियोजित विकास पर जोर
केंद्रीय मंत्री ने बताया कि पुणे और खड़की कैंटोन्मेंट बोर्ड का पीएमसी में विलय होने से प्रशासनिक एकरूपता बढ़ेगी। इससे शहर के विकास कार्यों में समन्वय आएगा और नियोजित शहरी विकास को गति मिलेगी। यह निर्णय पुणे महानगर के दीर्घकालीन और संतुलित विकास के लिए अहम माना जा रहा है।
पीएमसी के विभाजन की कोई योजना नहीं
पीएमसी को अलग-अलग नगरपालिकाओं में बांटने के सवाल पर मोहोल ने स्थिति स्पष्ट की। उन्होंने कहा कि फिलहाल पुणे महानगर पालिका को विभाजित करने को लेकर कोई निर्णय नहीं लिया गया है। यदि मुंबई जैसे विशाल महानगर को एक ही महानगरपालिका के तहत प्रभावी रूप से संचालित किया जा सकता है, तो पुणे को भी मौजूदा ढांचे में कुशलतापूर्वक चलाया जा सकता है।
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भविष्य में हालात के अनुसार विचार संभव
हालांकि, उन्होंने यह भी जोड़ा कि भविष्य में यदि जनसंख्या वृद्धि या प्रशासनिक आवश्यकता बढ़ती है, तो परिस्थितियों के अनुसार इस विषय पर अलग से विचार किया जा सकता है। फिलहाल सरकार का फोकस कैंटोन्मेंट क्षेत्रों को पीएमसी में शामिल कर नागरिकों को बेहतर और समान सुविधाएं उपलब्ध कराने पर है।
