पूर्व ट्रेनी IAS पूजा खेडकर (सोर्स: सोशल मीडिया)
Pooja Khedkar Bungalow Robbery: विवादों में रही पूर्व ट्रेनी आईएएस अधिकारी पूजा खेडकर एक बार फिर सुर्खियों में हैं। पुणे के बानेर रोड स्थित उनके पारिवारिक बंगले पर शनिवार देर रात एक फिल्मी अंदाज में डकैती की घटना को अंजाम दिया गया। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए 24 घंटे के भीतर ‘सुओ मोटो’ (स्वत: संज्ञान) कार्रवाई करते हुए FIR दर्ज कर ली है।
पुलिस को दी गई जानकारी के अनुसार, यह घटना किसी हॉरर फिल्म से कम नहीं थी। आरोप है कि हमलावरों ने बंगले में घुसकर पूजा खेडकर के हाथ-पैर बांध दिए और उन्हें एक कमरे में कैद कर दिया। इतना ही नहीं, उन्हें जान से मारने की धमकी भी दी गई। पूजा खेडकर ने दावा किया कि उन्होंने किसी तरह खुद को बंधनों से मुक्त किया और दूसरे फोन के जरिए पुलिस को इस वारदात की सूचना दी।
जांच में यह चौंकाने वाली बात सामने आई है कि केवल पूजा ही नहीं, बल्कि उनके माता-पिता (मनोरमा और दिलीप खेडकर), घर के ड्राइवर, चौकीदार और रसोइए को भी निशाना बनाया गया। खेडकर का आरोप है कि हाल ही में काम पर रखी गई नेपाल मूल की घरेलू सहायिका ने सभी को नशीला पदार्थ पिलाकर बेहोश कर दिया। जब पूरा परिवार बेसुध हो गया, तब लुटेरों ने अलमारियों को क्रोबार (लोहे की रॉड) से तोड़कर नकदी, मोबाइल फोन और अन्य कीमती सामान पर हाथ साफ कर दिया।
पुणे पुलिस ने इस मामले में बेहद सख्त रुख अपनाया है। दर्ज की गई एफआईआर में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस ने इसमें Sections 310(2), 310(5), 316(4), 306, 127(7), 123, और 351(2) को शामिल किया है। इस अपराध को ‘डकैती’ की श्रेणी में रखा गया है। पुलिस की कई टीमें अब फरार घरेलू सहायिका और उसके साथियों की तलाश में छापेमारी कर रही हैं।
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यह पहली बार नहीं है जब खेडकर परिवार कानूनी पचड़ों में फंसा हो। पूजा खेडकर खुद यूपीएससी परीक्षा में आरक्षण का लाभ लेने के लिए तथ्यों को छुपाने और फर्जी प्रमाण पत्र के आरोपों का सामना कर रही हैं, जिसके कारण उनकी उम्मीदवारी रद्द कर दी गई थी। वहीं, उनके माता-पिता पर पिछले साल नवी मुंबई में एक ट्रक चालक के अपहरण का मामला दर्ज हुआ था। विवादों के इस लंबे इतिहास के बीच हुई इस डकैती ने पुलिस के लिए जांच की गुत्थी को और उलझा दिया है।
फिलहाल पुलिस की प्राथमिकता उस नेपाली घरेलू सहायिका की धरपकड़ करना है, जिसे वारदात का मुख्य सूत्रधार माना जा रहा है। पुलिस यह भी जांच रही है कि क्या इस डकैती के पीछे कोई पुरानी रंजिश थी या यह केवल लूट के इरादे से किया गया कृत्य था। इलाके के सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं ताकि आरोपियों के भागने के रास्ते का पता लगाया जा सके।