Mock Drill: ‘कल 4 बजे लाउडस्पीकर बजेंगे, लेकिन…’, जिला कलेक्टर ने पुणे निवासियों से की ‘यह’ अपील
युद्ध जैसे हालात के मद्देनजर केंद्र सरकार के निर्देशानुसार कल शाम 4 बजे पुणे जिले में 3 जगहों पर मॉक ड्रिल की जाएगी। पुणे जिला कलेक्टर जितेंद्र डूडी ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में इसकी जानकारी दी।
- Written By: आंचल लोखंडे
मॉक ड्रिल की तैयारी के लिए बैठक (सौजन्यः सोशल मीडिया)
पुणे: युद्ध जैसे हालात के मद्देनजर केंद्र सरकार के निर्देशानुसार कल शाम 4 बजे पुणे जिले में 3 जगहों पर मॉक ड्रिल की जाएगी। जिला कलेक्टर जितेंद्र डूडी ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में इसकी जानकारी दी। इस बीच, यह मॉक ड्रिल सिर्फ एहतियात के तौर पर की जा रही है और इस समय बजाए जाने वाले हॉर्न से किसी को डरना नहीं चाहिए, ऐसी अपील जिला कलेक्टर ने की।
पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद भारत ने पाकिस्तान के खिलाफ कार्रवाई के बड़े संकेत दिए हैं। इस समय हर तरफ भारत-पाकिस्तान के बीच युद्ध की चर्चा जोरों पर है। इसी पृष्ठभूमि में केंद्र सरकार के निर्देशानुसार एहतियात के तौर पर देश में 244 जगहों पर मॉक ड्रिल की जा रही है, ताकि पता चल सके कि युद्ध की स्थिति में क्या-क्या सावधानियां बरतनी चाहिए।
मॉक ड्रिल की तैयारी के लिए बैठक
केंद्र सरकार के निर्देशानुसार राज्य सरकार ने आज इस मॉक ड्रिल की तैयारी के लिए बैठक की। इस बैठक में महाराष्ट्र के पुणे, ठाणे, रत्नागिरी, मुंबई और सिंधुदुर्ग में मॉक ड्रिल की जाएगी। यह मॉक ड्रिल पुणे शहर के विधान भवन और जिले के तलेगांव नगर परिषद और मुलशी पंचायत समिति में शाम 4 बजे होगी। इसमें सेना, पुलिस, वायुसेना, अग्निशमन विभाग, स्वास्थ्य व्यवस्था, राजस्व विभाग, कॉलेज के छात्र, एनसीसी कैडेट आदि हिस्सा लेंगे।
सम्बंधित ख़बरें
PMC Property Tax Discount Scheme: पीएमसी की करदाताओं से अपील, 31 मई से पहले टैक्स भरें और पाएं 10% तक छूट
पुणे में 400 करोड़ का बड़ा निवेश, एग्रेको इंडिया बनाएगी वैश्विक इंजीनियरिंग हब
पुणे कोर्ट में राहुल गांधी से जुड़े मामले में सुनवाई तेज, 1 जून को आ सकता है बड़ा फैसला
पुणे में कल से अगले 14 दिनों तक रहेगा ‘कर्फ्यू’! प्रदर्शन और रैलियों पर पूरी तरह रोक, जानें क्या है वजह
राहत कार्य और सावधानियों का अभ्यास
युद्ध की स्थिति में अगर देश में कहीं भी सैन्य हमला होता है तो कम से कम समय में राहत कार्य कैसे पहुंचाए जाएं और आम लोगों को कैसे इस आपदा से बचाया जाए, यह देखने के लिए यह मॉक ड्रिल की जा रही है। इस मॉक ड्रिल में सिर्फ राहत कार्य और सावधानियों का अभ्यास किया जाएगा। युद्ध के दौरान अक्सर बड़े शहरों में महत्वपूर्ण इमारतों और सरकारी दफ्तरों को निशाना बनाया जाता है। इसलिए शहर में विधान भवन को मॉक ड्रिल के लिए चुना गया है।
पिछड़ावर्ग बस्ती के निधि के हस्तांतरण पर अदालत का स्थगनादेश…
मॉक ड्रिल के दौरान शहर में कोई ब्लैकआउट नहीं
कल शाम 4 बजे पुणे शहर में मॉक ड्रिल होगी और कहीं भी ब्लैकआउट नहीं होगा, ऐसा जिला कलेक्टर डूडी ने बताया। मॉक ड्रिल के दौरान बचाव कार्यों का अभ्यास किया जाएगा। यह मॉक ड्रिल सैन्य अधिकारियों के मार्गदर्शन और निर्देशानुसार आयोजित की जाएगी।
हालांकि मॉक ड्रिल के लिए 3 घंटे का समय दिया गया है, लेकिन यह सभी मॉक ड्रिल एक से डेढ़ घंटे में पूरी हो जाएंगी, ताकि देखा जा सके कि राहत कार्य जल्द से जल्द कैसे किया जा सकता है। फिलहाल शहरों में 76 सायरन हैं। इन्हें 1965 के युद्ध के दौरान लगाया गया था और उस समय बजाया गया था। हालांकि, कल होने वाली मॉक ड्रिल के दौरान केवल 3 जगहों पर सायरन बजाया जाएगा, जिसमें विधान भवन, मुलशी पंचायत समिति और तलेगांव नगर परिषद शामिल हैं।
