एमएसएमई सेक्टर (सौ. सोशल मीडिया )
MSME Sector In India: महाराष्ट्र सरकार के एक ऐतिहासिक निर्णय ने पुणे जिले के सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्योगों (एमएसएमई) के लिए प्रगति के नए द्वार खोल दिए हैं।
राज्य की औद्योगिक प्रोत्साहन अनुदान योजना में किए गए संशोधनों के बाद अब पुणे और पिंपरी-चिंचवड जैसे ‘विकसित’ औद्योगिक क्षेत्रों में स्थित इकाइयां भी सरकारी वित्तीय लाभों की हकदार होंगी।
अब तक यह योजना मुख्य रूप से औद्योगिक रूप से पिछड़े क्षेत्रों के लिए सीमित थी, जिससे पुणे के हजारों उद्यमी वंचित थे। नई नीति के तहत, 2।5 करोड़ रुपये से लेकर 125 करोड़ रुपये तक के निवेश वाली एमएसएमई इकाइयों को ब्याज अनुदान, जीएसटी रिफंड, बिजली शुल्क में छूट और स्टांप ड्यूटी में रियायत जैसे महत्वपूर्ण लाभ मिलेंगे।
पुणे विभाग के उद्योग सह-संचालक संदीप रोकड़े ने स्पष्ट किया कि विकसित क्षेत्रों को योजना में शामिल न करने से स्थानीय उद्योगों में लंबे समय से असंतोष था, जिसे अब दूर कर दिया गया है। इस नीति का लाभ पुणे, पिंपरी-चिंचवड के साथ-साथ हवेली, मावल, खेड और शिरूर जैसी तहसीलों को भी मिलेगा।
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महाराष्ट्र चैम्बर ऑफ कॉमर्स (एमसीसीआईए) ने इस कदम का स्वागत करते हुए कहा है कि इससे उद्योगों के विस्तार और आधुनिकीकरण को बल मिलेगा, सरकार का मुख्य उद्देश्य स्थापित क्षेत्रों में भी उत्पादन क्षमता बढ़ाना और रोजगार के नए अवसर पैदा करना है, जिससे राज्य की अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।