एसआईटी से निष्पक्ष जांच कराने की मांग,आईटी कर्मचारियों की सामूहिक छंटनी मामला

SIT: TCS और अन्य आईटी कंपनियों द्वारा कर्मचारियों को सामूहिक छंटनी के संबंध में फोरम फॉर आईटी एम्प्लॉइज महाराष्ट्र ने एक विशेष जांच दल के गठन की मांग की है।
एसआईटी से निष्पक्ष जांच कराने की मांग
एसआईटी से निष्पक्ष जांच कराने की मांग (सौजन्यः सोशल मीडिया)
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Pune Police: हिंजवड़ी आईटी हब में टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS) और अन्य आईटी कंपनियों द्वारा कर्मचारियों को सामूहिक छंटनी के संबंध में फोरम फॉर आईटी एम्प्लॉइज (FITE) महाराष्ट्र ने एक विशेष जांच दल (SIT) के गठन की मांग की है। वहीं, नासेंट इंफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी एम्प्लॉइज सीनेट (NITES) ने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से प्रभावित आईटी कर्मचारियों के हितों की रक्षा के लिए हस्तक्षेप करने का आग्रह किया है।

FITE महाराष्ट्र के अध्यक्ष पवनजीत माने और राज्य सचिव प्रशांत पंडित ने राज्य के श्रम मंत्री आकाश फुंडकर को लिखे पत्र में कहा है कि फोरम फॉर आईटी एम्प्लॉइज (FITE) महाराष्ट्र की ओर से हम राज्य भर में हजारों आईटी कर्मचारियों को प्रभावित करने वाले महत्वपूर्ण मुद्दों पर आपका ध्यान आकर्षित करना चाहते हैं।

हिंजवड़ी में फर्जी भर्ती फर्म ने किया स्नातकों के साथ धोखा

उन्होंने पत्र में लिखा कि ये मामले न केवल व्यक्तियों के लिए गंभीर संकट पैदा कर रहे हैं। बल्कि एक निष्पक्ष और कर्मचारी हितैषी प्रौद्योगिकी केंद्र के रूप में महाराष्ट्र की प्रतिष्ठा को भी नुकसान पहुंचा रहे हैं। माने ने बताया कि हमने पिछले महीने मंत्री और गृह विभाग के प्रधान सचिव को पत्र सौंपा था। हम अभी भी उनकी प्रतिक्रिया का इंतजार कर रहे हैं। माने ने कहा कि मंत्री के साथ हमारी मुलाकात के दौरान, हमने उनसे आईटी कर्मचारियों को प्रभावित करने वाली समस्याओं की

जांच के लिए एक SIT

गठित करने का आग्रह किया था। आईटी कर्मचारियों के जबरन इस्तीफे से संबंधित मामले के अलावा हिंजवड़ी में एक फर्जी भर्ती फर्म द्वारा लगभग 1,000 नए स्नातकों को धोखा देने का मामला भी सामने आया है। इनमें से प्रत्येक से नौकरी दिलाने के नाम पर लगभग 2 लाख रुपये लिए गए थे, लेकिन उन्हें कभी नौकरी नहीं मिली। माने ने कहा कि हम एक विशेष जांच दल (SIT) के गठन का आग्रह करते हैं, ताकि सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके और धोखाधड़ी से लूटी गई धनराशि को वसूल किया जा सके।

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