चंद्रशेखर बावनकुले (फाइल फोटो)
Maharashtra Local Body Election: आगामी महानगरपालिका और स्थानीय स्वराज संस्थाओं के चुनावों को देखते हुए भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने राज्य भर में आंतरिक सर्वेक्षण शुरू किया है।
इस सर्वेक्षण के नतीजों के आधार पर ही पार्टी टिकट देगी। यह स्पष्ट संकेत राज्य के राजस्व मंत्री और भाजपा के चुनाव प्रभारी चंद्रशेखर बावनकुल ने दिए है।
उन्होंने कहा कि हमारे पास इच्छुक उम्मीदवारों की संख्या बहुत ज्यादा है, लेकिन टिकट उसी को मिलेगा, जिसे जनता का विश्वास और जनमान्यता प्राप्त है। जो कार्यकर्ता पार्टी के सर्वे में पास होंगे, वही उम्मीदवार बनेंगे।
भाजपा के राज्य चुनाव प्रभारी के रूप में नियुक्त होने के बाद बावनकुले ने बुधवार को पुणे स्थित पार्टी कार्यालय में पदाधिकारियों के साथ बैठक की। इसके बाद पत्रकारों से बातचीत करते हुए उन्होंने कहा कि आगामी स्थानीय स्वराज संस्थाओं के चुनाव में महायुति (भाजपा, शिवसेना, राष्ट्रवादी) को 51% से अधिक वोट मिलेंगे। सोमवार को हमने राष्ट्रवादी कांग्रेस के प्रदेशाध्यक्ष सुनील तटकरे, शिवसेना मंत्री उदय सामंत और शंभुराजे देसाई के साथ समन्वय समिति की बैठक की।
इन दिनों दोनों राष्ट्रवादी अजित पवार गुट और शरद पवार गुट और दूसरी तरफ शिवसेना शिंदे गुट और शिवसेना उद्धव ठाकरे गुट के एक होने की चर्चा जोर पकड़ रही है। इसे लेकर पूछे गए सवाल पर बावनकुले ने कहा कि ये स्थानीय चुनाव हैं।
कुछ जगहों पर भाजपा-राष्ट्रवादी तो कुछ जगहों पर भाजपा-शिवसेना के रूप में लड़ा जा सकता है। राष्ट्रवादी और शिवसेना किसके साथ लड़ेगी यह उनका निर्णय है, लेकिन जहां हमारे सामने ‘घड़ी’ या ‘धनुष-बाण’ का निशान होगा, वहां हम मनभेद नहीं होने देंगे।
हमारा प्रयास है कि अधिकतर जगहों पर महायुति एकजुट होकर चुनाव लड़े। उन्होंने कहा कि कहीं-कहीं स्थानीय परिस्थितियों के कारण अलग-अलग चुनाव लड़ना पड़ा तो भी गठबंधन में मतभेद या विवाद नहीं होंगे। इस बात की पूरी सावधानी रखी जाएगी।
तुलजापुर के एक आपराधिक मामले में शामिल व्यक्ति को भाजपा में प्रवेश कराने के सवाल पर बावनकुले ने कहा कि केवल किसी पर अपराध दर्ज हो जाना, उसे अपराधी नहीं बनाता है। जब तक कोर्ट सजा नहीं देता है तब तक वह निदर्दोष है। यदि अदालत ने उसे दोषी ठहराया तो पार्टी उस पर विचार करेगी। हर व्यक्ति को राजनीति करने का और बोट देने का अधिकार है।
दत्तात्रय भरागे ने पत्रकारों से बात करते हुए बताया कि अजित पवार कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों की राय जान रहे हैं, ताकि स्थानीय चुनावों में बेहतर रणनीति तैयार की जा सके। इच्छुक उम्मीदवार लगातार अजित पवार से मुलाकात कर रहे हैं।
कार्यकर्ताओं की राय सुनने के बाद ही गठबंधन या आघाड़ी को लेकर निर्णय लिया जाएगा, उन्होंने कहा कि कार्यकर्ताओं के बीच भाजपा, शिवसेना या दोनी एनसीपी गुटों के साथ एकजुट होकर चुनाव लड़ने को लेकर चर्चा चल रही है।
कई कार्यकर्ताओं ने दोनों राष्ट्रवादी काग्रेस पार्टी गुटों को एक साथ लाने की मांग भी की है, भरणे ने कहा कि, हर स्थानीय स्तर पर पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं की राय लेकर ही अंतिम निर्णय लिया जाएगा। दोनों एनसीपी के एक होने पर भी बातचीत जारी है।
आगामी स्थानीय निकाय चुनावों को देखते हुए राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) के अध्यक्ष और उपमुख्यमंत्री अजित पवार ने पार्टी के विधायकों, प्रमुख पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं के साथ बैठक कर उनकी राय जानी।
ये भी पढ़ें :- Thane में अलर्ट! मुंब्रा से अल-कायदा से जुड़े शिक्षक की एटीएस ने की गिरफ्तारी
बैठक में यह चर्चा हुई कि स्थानीय निकाय चुनावों में पार्टी को किन दलों से गठबंधन करना चाहिए, किससे आघाडी करनी चाहिए या फिर अकेले मैदान में उतरना चाहिए। चुनावों में पार्टी की सीटें कैसे बढ़ाई जा सकती हैं, इस पर भी विचार-विमर्श किया गया। बैठक में कृषि मंत्री दत्तात्रय भरणे, दिलीप बलसे पाटिल, सुनील शेलके, सुनील टिंगरे, जालिंदर कामठे और अन्य प्रमुख पदाधिकारी उपस्थित थे।