Chhatrapati Sambhajinagar: फार्मेसी कॉलेजों को PCI का अल्टीमेटम, 7 दिन में लागू करें बायोमीट्रिक सिस्टम
Sambhajinagar Biometric Attendance: फार्मेसी काउंसिल ऑफ इंडिया ने सभी फार्मेसी कॉलेजों में आधार आधारित बायोमीट्रिक उपस्थिति प्रणाली 7 दिनों में लागू करने के निर्देश दिए हैं।
- Written By: अंकिता पटेल
फार्मेसी काउंसिल, बायोमीट्रिक उपस्थिति,(सोर्स: सोशल मीडिया)
Pharmacy Colleges Biometric Attendance: छत्रपति संभाजीनगर फार्मेसी काउंसिल ऑफ इंडिया (पीसीआई) ने देश के सभी मान्यता प्राप्त फार्मेसी महाविद्यालयों को आधार सक्षम बायोमीट्रिक उपस्थिति प्रणाली (एईबीओएएस) तत्काल लागू करने के निर्देश दिए हैं। परिषद ने चेतावनी दी है कि सात दिनों के भीतर प्रक्रिया पूरी नहीं करने वाली संस्थाओं के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
पीसीआई ने बताया कि कई बार परिपत्र, मार्गदर्शन कार्यशालाएं व सूचनाएं जारी करने के बावजूद अनेक संस्थानों ने अब तक एईबीएएस पोर्टल पर पंजीकरण और प्रणाली का पूर्ण क्रियान्वयन नहीं किया है। इसी कारण अब अंतिम सात दिन की समयसीमा तय की गई है। परिषद के अनुसार कुछ संस्थानों ने पोर्टल पर पंजीकरण तो किया है, लेकिन शिक्षकों का पंजीकरण पूरा नहीं किया।
कई जगह बायोमीट्रिक उपकरण स्थापित नहीं किए गए हैं, जबकि कुछ प्राध्यापक नियमित उपस्थिति दर्ज नहीं कर रहे हैं। सभी संस्थानों को सात दिनों के भीतर संस्था पंजीकरण, नो ड ल अधिकारियों की नियुक्ति सत्यापन, सभी शिक्षकों का पंजीकरण तथा बायोमीट्रिक उपस्थिति शुरू करने के आदेश दिए गए हैं।
सम्बंधित ख़बरें
NEET पेपर लीक से नासिक का क्या है कनेक्शन, CBI जांच में मास्टरमाइंड का खुलासा; जानें कैसे सामने आया था पेपर
Central Railway के विस्टाडोम कोच बने यात्रियों की पहली पसंद, 5.33 लाख यात्रियों ने किया शाही सफर
भीषण गर्मी का कहर: संभाजीनगर में जलसंकट गहराया, 123 टैंकरों पर निर्भर 4.84 लाख लोग
संभाजीनगर में मतीन शेख को अवैध निर्माण नोटिस, HC में चुनौती; निदा खान मामले के बाद नगरसेवक पर कार्रवाई तेज
डीजी फाम्हें पोर्टल पर मान्यता प्राप्त सभी प्राध्यापकों के लिए भी निधारित अवधि में एईबीएएस पर उपस्थिति दर्ज करना अनिवार्य है। नियमों का पालन नहीं करने वाले प्राध्यापकों को प्रोफाइल ब्लॉक किए जाने की चेतावनी भी परिषद ने दी है।
एम. फार्म पाठ्यक्रम के छात्रों के लिए अनिवार्य
पीसीआई ने एम, फार्म पाठ्यक्रम के छात्रों के लिए भी आधार सक्षम बायोमीट्रिक उपस्थिति प्रणाली लागू करने का निर्णय लिया है।
जीपैट छात्रवृत्ति वितरण प्रक्रिया में पारदर्शिता व सत्यापन सुनिश्चित करने के लिए इस प्रणाली को जोड़ा जाएगा।
यह भी पढ़ें:-भीषण गर्मी का कहर: संभाजीनगर में जलसंकट गहराया, 123 टैंकरों पर निर्भर 4.84 लाख लोग
छात्रों को डीजी-फार्ड प्रोफाइल के माध्यम से वैध बीएव-एस नंबर तैयार करना आवश्यक होगा। साथ ही पाठ्यक्रम चयन में एम. फार्म का उल्लेख अनिवार्य किया गया है।
सभी संस्थानों को 31 मई तक एम. फार्म छात्रों का पंजीकरण पूरा कर नियमित उपस्थिति शुरू करने के निर्देश दिए गए है। परिषद का कहना है कि इससे छात्रवृत्ति वितरण प्रक्रिया अधिक पारदर्शी, सटीक व विश्वसनीय बनेगी।
