पालघर में मौत का धमाका: अवैध पटाखा फैक्ट्री में विस्फोट से 2 की मौत, 3 गंभीर; वाडा इलाके में मचा हड़कंप

Palghar Factory Blast: पालघर के वाडा में अवैध पटाखा फैक्ट्री में विस्फोट। 2 मजदूरों की मौत, 3 से 4 लोग गंभीर रूप से घायल। अवैध 'सुतली बम' बनाने का आरोप। विस्फोट क्यों हुआ जांच जारी।
Palghar Firecracker Factory Blast
Palghar Firecracker Factory Blast (फोटो क्रेडिट-X)
Published on: 
Updated on: 

Palghar Firecracker Factory Blast: महाराष्ट्र के पालघर जिले के वाडा तालुका अंतर्गत कोंसाई क्षेत्र में मंगलवार को एक अवैध पटाखा फैक्ट्री में हुए भीषण विस्फोट ने पूरे इलाके को दहला दिया। इस दर्दनाक हादसे में दो मजदूरों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि तीन अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए हैं। मृतकों की पहचान भावेश दिलीप वावरे (25) और मोनिका सचिन पडवाले (30) के रूप में हुई है। विस्फोट इतना जबरदस्त था कि कारखाने की छत उड़ गई और आसपास के घरों में भी झटके महसूस किए गए।

प्रारंभिक जांच के अनुसार, यह कारखाना बिना किसी वैध लाइसेंस या सुरक्षा मानकों के अवैध रूप से चलाया जा रहा था। स्थानीय निवासियों का आरोप है कि यहाँ बड़े पैमाने पर 'सुतली बम' और अन्य खतरनाक पटाखे बनाए जा रहे थे। कारखाने में कुल 32 मजदूर काम कर रहे थे, जिनमें से अधिकांश महिलाएं थीं। घटना के समय हुए तेज धमाके के बाद इलाके में चीख-पुकार मच गई और धुएं का गुबार छा गया।

प्रशासनिक लापरवाही पर फूटा गुस्सा

हादसे के बाद स्थानीय नागरिकों ने पुलिस और प्रशासन के खिलाफ भारी नाराजगी व्यक्त की है। लोगों का कहना है कि वाडा तालुका में ऐसे कई अवैध कारखाने बेखौफ चल रहे हैं, लेकिन प्रशासन ने बार-बार की शिकायतों के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं की। आरोप है कि पुलिस और संबंधित विभागों की 'मौन सहमति' के कारण मजदूरों की जान जोखिम में डाली जा रही है। घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस बल मौके पर पहुँचा, लेकिन अग्निशमन दल के पहुंचने में हुई देरी के कारण बचाव कार्य में काफी बाधा आई।

घायलों की स्थिति गंभीर

हादसे में घायल हुई तीन महिलाओं, मोनिका मोहन वर्दी (25), जागृति जगदीश गावटे (27) और प्रतिभा प्रताप पवार (30)—को तत्काल वाडा के सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। डॉक्टरों के अनुसार, घायलों की स्थिति गंभीर बनी हुई है। प्रशासन ने अब मामले की गहन जांच के आदेश दिए हैं और पटाखा फैक्ट्री मालिक के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई का आश्वासन दिया है।

अवैध पटाखों का बढ़ता कारोबार

त्योहारों और आगामी चुनावी रैलियों के मद्देनजर पटाखों की बढ़ती मांग को देखते हुए पालघर के ग्रामीण इलाकों में अवैध निर्माण की इकाइयां सक्रिय हो गई हैं। बिना किसी अग्नि सुरक्षा उपकरण या तकनीकी विशेषज्ञता के चल रहे ये कारखाने 'मौत के अड्डे' साबित हो रहे हैं। नागरिकों ने मांग की है कि जिले में चल रही सभी अनाधिकृत फैक्ट्रियों को तुरंत सील किया जाए ताकि भविष्य में ऐसे हादसों को रोका जा सके।

Navbharat Live
navbharatlive.com