सुषमा अंधारे प्रेस कॉन्फ्रेंस (फोटो- सोशल मीडिया)
Maharashtra Politics News: शिवसेना (यूबीटी) की फायरब्रांड प्रवक्ता सुषमा अंधारे ने ‘भोंदू’ कैप्टन खरात मामले को लेकर महाराष्ट्र की राजनीति में भूचाल ला दिया है। नासिक में आयोजित एक गरमागरम प्रेस कॉन्फ्रेंस में अंधारे ने सीधे कैबिनेट मंत्री दीपक केसरकर और महिला आयोग की अध्यक्षा रूपाली चाकणकर पर निशाना साधते हुए खरात के साथ उनके संबंधों पर गंभीर सवाल खड़े किए, दिग्गज नेताओं के फोटो किए सार्वजनिक अंधारे ने प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान दीपक केसरकर, रूपाली चाकणकर और अशोक खरात के सिन्नर एमआईडीसी कार्यालय के कई फोटो मीडिया को दिखाए। उन्होंने तीखे सवाल पूछते हुए कहा कि “जब दीपक केसरकर शिक्षा मंत्री थे और रूपाली चाकणकर महिला आयोग की अध्यक्ष, तब ये दोनों अशोक खरात के साथ एमआईडीसी कार्यालय में क्या कर रहे थे?” अंधारे ने सीधा सवाल किया कि ‘ये रिश्ता क्या कहलाता है’, इसका जवाब जनता को मिलना चाहिए,
मुख्यमंत्री और गृह मंत्री देवेंद्र फडणवीस को घेरते हुए अंधारे ने कहा कि ‘मातोश्री’ पर कीचड़ उछालने से पहले फडणवीस को अपने दल और मित्र दलों के उन नेताओं की जांच करनी चाहिए जो खरात के साथ उठते-बैठते थे। उन्होंने शत्र लाइसेंस को लेकर भी बड़ा खुलासा किया। खरात के पास बंदूक थी जिसका लाइसेंस 2012 में लिया गया था। साल 2024 में जब इस लाइसेंस का नवीनीकरण हुआ, तब देवेंद्र फडणवीस ही गृह मंत्री थे। अंधारे ने आरोप लगाया कि इस नवीनीकरण की सिफारिश करने वाला तत्कालीन तहसीलदार वर्तमान में कैबिनेट मंत्री राधाकृष्ण विखे पाटिल का ओएसडी है।
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उन्होंने मांग की कि जिन पुलिस अधिकारियों ने खरात के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने में देरी की, उनकी एसआईटी द्वारा गहन जांच होनी चाहिए। सुषमा अंधारे ने पूर्व सांसद हेमंत गोडसे का नाम लेते हुए सनसनीखेज दावा किया कि एमआईडीसी के एक भूमिपूजन कार्यक्रम में गोडसे मौजूद थे और वहां अशोक खरात “पूजा’ करा रहा था। इस दौरान उन्होंने गोडसे और खरात की एक साथ वाली तस्वीरें भी मीडिया को सौंपी।
उद्धव ठाकरे सरकार के दौरान खरात की संस्था को पानी देने के सवाल पर अंधारे ने कहा कि मिरगांव के ग्रामीणों के प्रस्ताव के आधार पर पीने के पानी के लिए जलकुंभ बनाया गया था। उन्होंने इसे ‘मानवता’ करार दिया। हालांकि, जब पत्रकारों ने ध्यान दिलाया कि सरकारी आदेश में स्पष्ट रूप से खरात की ‘शिवनिका’ संस्था का नाम है, तो अंधारे इस पर विस्तृत स्पष्टीकरण देने से बचती नजर आई।