चुनावी गणित में बांटने का फॉर्मूला फेल! नागपुर में SC उप-वर्गीकरण के खिलाफ 25 हजार लोगों का शक्ति प्रदर्शन
Nagpur SC Subclassification: नागपुर में अनुसूचित जाति उप-वर्गीकरण के विरोध में हजारों लोगों ने प्रदर्शन किया और सरकार से प्रस्तावित निर्णय तथा संबंधित प्रक्रिया को तत्काल वापस लेने की मांग की।
- Written By: अंकिता पटेल
नागपुर, अनुसूचित जाति, उप-वर्गीकरण, प्रदर्शन, संविधान चौक,(सोर्स: सोशल मीडिया)
Nagpur SC Subclassification Protest March: नागपुर में फडणवीस सरकार द्वारा प्रस्तावित अनुसूचित जाति समूह के उप-वर्गीकरण के खिलाफ शनिवार को सिटी में असंतोष भड़क उठा। विदर्भ भर से हजारों सामाजिक कार्यकर्ता अभूतपूर्व रूप से एकजुट हुए। अनुसूचित जाति समूह की सभी 59 जातियों के सामाजिक कार्यकर्ताओं ने इस संयुक्त विरोध प्रदर्शन में भाग लिया।
संविधान चौक पर एक बार फिर सरकार के अन्यायपूर्ण निर्णय के खिलाफ जमकर प्रदर्शन हुआ। हजारों समाज बंधुओं ने बिना किसी आधार के जाति समूहों के बीच संघर्ष भड़काने वाले इस प्रकार के कदम का सर्वसम्मति से विरोध किया। सभी ने उप-वर्गीकरण के इस निर्णय को तत्काल वापस लेने की अपील भी की।
उप-वर्गीकरण रद्द करने की मांग, 25 हजार समाज बंधु मोर्चे में शामिल
समाज ने स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि ऐसा नहीं किया गया, तो गंभीर असंतोष का सामना करने के लिए तैयार रहें। दीक्षाभूमि के पास लोकतांत्रिक साहित्यकार अन्नाभाऊ साठे की प्रतिमा से शुरू हुआ यह मोर्चा संविधान चौक पर आकर समाप्त हुआ।
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इसमें लगभग 25,000 समाज बंधुओं ने भाग लिया। मोर्चे में उप-वर्गीकरण को तत्काल रद्द करने और इससे संबंधित पूरी प्रक्रिया को रोकने की मांग की गई, साथ ही दशकों से भाईचारे से रह रहे अनुसूचित जाति समूहों को आपस में लड़ाने की साजिश को रोकने का भी अनुरोध किया।
सुरक्षा के लिए भारी पुलिस बल किया गया तैनात
आंदोलन में समाज के सभी वर्गों, बच्चों से लेकर छात्रों, युवाओं, महिलाओं, पुरुषों और बुजुर्गों तक ने हिस्सा लिया। इस दौरान अमन कांबले, स्मिता कांबले, आकाश मुन, प्रीतम बुलकुंदे, तक्षशिला वाघधरे, प्रदीप नगरारे, अरविंद गेडाम सहित विभिन्न संस्थानों और संगठनों के प्रतिनिधि मौजूद थे।
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आंदोलन में अप्रिय घटनाओं की रोकथाम के मद्देनजर भारी पुलिस बल तैनात किया गया था। विरोध प्रदर्शन में यवतमाल, चंद्रपुर, वर्धा और गड़चिरोली समेत विदर्भ के लगभग सभी जिलों से लोग शामिल हुए।
