महावितरण के दावों की खुली पोल, पश्चिम नागपुर घंटों अंधेरे में डूबा; गिट्टीखदान थाना भी रहा बिजली विहीन
Nagpur Power Outage: पश्चिम नागपुर में शुक्रवार को घंटों बिजली गुल रहने से जनजीवन प्रभावित रहा। महावितरण पर लापरवाही के आरोप लगे, जबकि स्ट्रीट लाइट बंद रहने से व्यापार और आवागमन भी प्रभावित हुआ।
- Written By: अंकिता पटेल
पश्चिम नागपुर, स्ट्रीट लाइट, बिजली संकट,(सोर्स: नवभारत फाइल फोटो)
Nagpur Power Outage Mahavitaran: महावितरण की निर्बाध बिजली आपूर्ति के दावों की शुक्रवार को पश्चिम नागपुर में पोल खुल गई। दिनभर क्षेत्र के बड़े हिस्से में बिजली आपूर्ति ठप रही, जिससे दर्जनों बस्तियां, प्रमुख सड़कें और सैकड़ों घर अंधेरे में डूबे रहे। स्थिति इतनी गंभीर थी कि गिट्टीखदान पुलिस थाना भी लंबे समय तक बिजली संकट से प्रभावित रहा। अचानक बिजली गुल होने से आम नागरिकों के साथ-साथ व्यापारी वर्ग को भी भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
स्थानीय लोगों के अनुसार सुबह से ही कई इलाकों में बिजली आपूर्ति बाधित हो गई थी। बार-बार शिकायत दर्ज कराने के बावजूद महावितरण की ओर से समय पर कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई। घंटों तक बिजली नहीं आने से लोगों का दैनिक जीवन अस्त-व्यस्त हो गया। घरों में पेयजल आपूर्ति, घरेलू उपकरण और अन्य आवश्यक कार्य प्रभावित हुए, जबकि भीषण उमस के बीच बिजली कटौती ने लोगों की मुश्किलें और बढ़ा दीं।
व्यापारियों को हुआ नुकसान, बाजारों में घटी ग्राहकों की आवाजाही
बिजली गुल रहने का सबसे अधिक असर स्थानीय व्यापारियों पर पड़ा। कई दुकानों में अंधेरा छाया रहने से कारोबार प्रभावित हुआ और ग्राहकों की संख्या भी कम हो गई। व्यापारियों का कहना है कि शाम के समय पर्याप्त रोशनी नहीं होने के कारण लोग बाजार आने से बचते रहे, जिससे बिक्री पर सीधा असर पड़ा। उनका आरोप है कि बिजली और स्ट्रीट लाइट की समस्या लगातार बनी हुई है, लेकिन संबंधित विभाग इस ओर गंभीरता नहीं दिखा रहा।
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अंधेरे से बढ़ी सुरक्षा और सड़क हादसों की चिंता
बिजली आपूर्ति बाधित होने के कारण कई प्रमुख मार्गों और कॉलोनियों की स्ट्रीट लाइटें भी बंद रहीं। इससे राहगीरों, महिलाओं, विद्यार्थियों और वरिष्ठ नागरिकों को आवागमन में काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ा। अंधेरे के कारण सड़क दुर्घटनाओं और आपराधिक घटनाओं की आशंका भी बढ़ गई। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि शाम ढलते ही कई इलाके पूरी तरह अंधेरे में डूब जाते हैं, जिससे सुरक्षा संबंधी चिंताएं भी बढ़ जाती हैं।
स्थानीय लोगों में नाराजगी, तत्काल समाधान की मांग
नागरिकों ने आरोप लगाया कि क्षेत्र में स्ट्रीट लाइट और बिजली आपूर्ति की समस्या नई नहीं है। कई बार शिकायत करने के बावजूद स्थिति जस की तस बनी हुई है। लोगों ने महावितरण और संबंधित प्रशासन से मांग की है कि बिजली आपूर्ति जल्द से जल्द सुचारु की जाए, खराब स्ट्रीट लाइटों की तत्काल मरम्मत की जाए और पश्चिम नागपुर में स्थायी समाधान सुनिश्चित किया जाए, ताकि भविष्य में नागरिकों और व्यापारियों को ऐसी परेशानी का सामना न करना पड़े।
गोरेवाड़ा टू सेमिनरी हिल्स रहा पावर कट
बता दें कि शुक्रवार को बिजली गुल होने के कारण गोरवाड़ा से सेमिनरी हिल्स तक अंधकार फैला हुआ था। पावर कट होने के कारण बोरगांव, अनंतनगर, भूपेशनगर, महेशनगर, गिट्टीखदान, केटीनगर, पुलिस लाइन टाकली, नेहरू कॉलोनी समेत आसपास की बस्तियां प्रभावित हुई।
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स्थानीय निवासियों के अनुसार शाम करीब 6।45 बजे बिजली गुल हो गई। रात करीब 9।15 बिजली आई। लगभग ढाई घंटों तक लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
